पटना। बिहार पुलिस में सिपाही भर्ती के पेपर लीक कांड में फरार चल रहे एक लाख के इनामी आरोपी राजकिशोर कुमार को आर्थिक अपराध इकाई (ईओयू) ने गिरफ्तार कर लिया है। अरवल जिले के करपी निवासी राजकिशोर लंबे समय से पुलिस को चकमा दे रहा था।
छापेमारी में जब्त दस्तावेज
गिरफ्तारी के दौरान उसके पास से मोबाइल फोन, कई प्रतियोगी परीक्षाओं (सीटीईटी, बिजली विभाग, सिपाही भर्ती आदि) के एडमिट कार्ड और अभ्यर्थियों की नाम, रोल नंबर व बुकलेट नंबर सहित पूरी सूची बरामद हुई है।
मोटी रकम वसूली का खुलासा
जांच में सामने आया है कि राजकिशोर ने विभिन्न परीक्षाओं के अभ्यर्थियों से प्रश्न पत्र उपलब्ध कराने के नाम पर भारी रकम वसूली थी। उसके बैंक खाते में करीब डेढ़ करोड़ रुपये का लेन-देन भी पाया गया है।
नेटवर्क पर शिकंजा कसने की तैयारी
ईओयू का मानना है कि आरोपी अकेला नहीं था, बल्कि एक बड़े गिरोह का हिस्सा है। उसके जरिए पेपर लीक का पूरा नेटवर्क संचालित हो रहा था। पुलिस अब राजकिशोर से पूछताछ कर इस रैकेट में शामिल अन्य लोगों तक पहुंचने की कोशिश कर रही है।
ईओयू का बयान
ईओयू अधिकारियों ने कहा—
“राजकिशोर की गिरफ्तारी से पेपर लीक गिरोह का बड़ा राज खुल सकता है। उसके पास से मिले दस्तावेज और बैंकिंग लेन-देन की जांच जारी है। जल्द ही पूरे नेटवर्क का खुलासा किया जाएगा।”
आगे की कार्रवाई
गिरफ्तार आरोपी को पटना लाकर पूछताछ की जा रही है। उसके मोबाइल और दस्तावेजों की फॉरेंसिक जांच कराई जाएगी। पुलिस ने साफ किया है कि इस मामले में और भी गिरफ्तारियां जल्द हो सकती हैं।


