
HIGHLIGHTS
- बड़ी सौगात: मुख्यमंत्री ने शेखपुरा को ₹206 करोड़ की 316 विकास योजनाओं का दिया उपहार।
- मिशन 1 करोड़ नौकरी: अगले 5 वर्षों में 1 करोड़ युवाओं को नौकरी और रोजगार देने का बड़ा ऐलान।
- 7 निश्चय-3 का आगाज़: प्रति व्यक्ति आय दोगुनी करने और ‘एजुकेशन सिटी’ बनाने का खाका पेश।
- हाई-टेक विजन: सर्वा में रोबोटिक्स और वर्चुअल रियलिटी (VR) लैब का उद्घाटन; एआई वीडियो से दिखी जिले की प्रगति।
- पेंशन में भारी वृद्धि: वृद्धजन, विधवा और दिव्यांग पेंशन ₹400 से बढ़ाकर ₹1,100 करने की जानकारी दी।
शेखपुरा/पटना | 14 मार्च, 2026
मुख्यमंत्री श्री नीतीश कुमार की ‘समृद्धि यात्रा’ शनिवार को शेखपुरा के सर्वा (बरबीघा) पहुँची, जहाँ विकास और भरोसे की एक नई इबारत लिखी गई। मुख्यमंत्री ने न केवल जिले को करोड़ों की योजनाओं से नवाजा, बल्कि 2025-2030 के लिए बिहार के विकास का ‘ब्लूप्रिंट’ (7 निश्चय-3) भी जनता के सामने रखा। इस दौरान सीएम ने 2005 से पहले के बिहार और आज के बदलते बिहार का फर्क समझाते हुए विरोधियों पर भी निशाना साधा।
₹206 करोड़ का ‘विकास धमाका’: 316 योजनाओं की मिली सौगात
मुख्यमंत्री ने रिमोट के माध्यम से शेखपुरा जिले के लिए ₹62 करोड़ की 196 योजनाओं का उद्घाटन और ₹144 करोड़ की 120 योजनाओं का शिलान्यास किया। इसमें 8 नए पंचायत सरकार भवन भी शामिल हैं। सीएम ने सर्वा में नवनिर्मित पंचायत सरकार भवन का निरीक्षण किया और कहा कि अब ग्रामीणों को एक ही छत के नीचे सारी सुविधाएं मिलेंगी।
मिशन 1 करोड़ नौकरी: 7 निश्चय-3 के तहत युवाओं के लिए ‘मेगा प्लान’
सीएम नीतीश ने रोजगार को लेकर अपनी सरकार की सबसे बड़ी प्रतिबद्धता दोहराई। उन्होंने बताया कि अब तक 10 लाख सरकारी नौकरियां दी जा चुकी हैं और कुल 50 लाख युवाओं को रोजगार से जोड़ा गया है।
- नया लक्ष्य: अगले 5 वर्षों में 1 करोड़ युवाओं को नौकरी और रोजगार दिया जाएगा।
- युवा शक्ति: इसके लिए ‘युवा रोजगार एवं कौशल विकास विभाग’ का गठन किया गया है।
- आय दोगुनी: ‘सात निश्चय-3’ के तहत राज्य की प्रति व्यक्ति औसत आय को दोगुना करने का लक्ष्य है।
हाई-टेक शेखपुरा: रोबोटिक्स लैब और ‘एजुकेशन सिटी’ की तैयारी
शिक्षा के क्षेत्र में शेखपुरा अब राज्य के लिए मॉडल बनेगा। मुख्यमंत्री ने सर्वा के उच्च माध्यमिक विद्यालय में एस्ट्रो/रोबोटिक्स/VR लैब और खगौल विज्ञान प्रयोगशाला का उद्घाटन किया। बच्चों से बात करते हुए उन्होंने उन्हें शोध और विज्ञान में रुचि लेने को प्रेरित किया। सीएम ने घोषणा की कि राज्य में एक नई ‘एजुकेशन सिटी’ का निर्माण होगा और प्रत्येक प्रखंड में आदर्श विद्यालय व डिग्री कॉलेज खोले जाएंगे।
अतीत बनाम वर्तमान: “पहले शाम को बाहर नहीं निकलते थे लोग”
जनसंवाद को संबोधित करते हुए सीएम ने पुरानी यादें ताजा कीं। उन्होंने कहा, “याद है ना पहले क्या स्थिति थी? शाम के बाद लोग घर से बाहर नहीं निकलते थे, हिन्दू-मुस्लिम झगड़े होते थे। हमने कब्रिस्तान की घेराबंदी की और मंदिरों की भी।” उन्होंने बताया कि शिक्षकों की संख्या अब 5.24 लाख हो गई है और स्वास्थ्य केंद्रों में मरीजों की संख्या 39 से बढ़कर 11,600 प्रति माह पहुँच गई है।
महिला सशक्तीकरण और जीविका का जादू
स्वयं सहायता समूहों की सफलता का जिक्र करते हुए सीएम ने बताया कि राज्य में अब 1.69 करोड़ जीविका दीदियाँ हैं। उन्होंने जीविका समूहों को ₹50 करोड़ से अधिक के सांकेतिक चेक प्रदान किए। नई योजना के तहत, हर महिला उद्यमी को ₹10 हजार दिए गए हैं, जिसे सफल होने पर ₹2 लाख तक बढ़ाया जाएगा।
VOB का नजरिया: 2026 की यात्रा, 2030 का लक्ष्य
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की यह ‘समृद्धि यात्रा’ केवल योजनाओं के उद्घाटन तक सीमित नहीं है, बल्कि यह 2025 के विधानसभा चुनावों से पहले एक ‘रिपोर्ट कार्ड’ और ‘विजन डॉक्यूमेंट’ का मिश्रण है। 7 निश्चय-3 के माध्यम से ‘दोगुनी आय’ और ‘1 करोड़ नौकरी’ का वादा युवाओं को जोड़ने की एक बड़ी कोशिश है। शेखपुरा जैसे जिले में रोबोटिक्स लैब और एआई का प्रवेश यह दर्शाता है कि नीतीश मॉडल अब ‘सड़क-बिजली-पानी’ से आगे बढ़कर ‘हाई-टेक भविष्य’ की ओर देख रहा है। हालांकि, इन महत्वाकांक्षी लक्ष्यों को जमीन पर उतारना और भ्रष्टाचार मुक्त क्रियान्वयन सुनिश्चित करना ही सरकार की असली चुनौती होगी।


