पटना, 14 अगस्त 2025: बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने बुधवार को राज्य के चार जिलों – वैशाली, पटना, बेगूसराय और मुंगेर – के बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का हवाई सर्वेक्षण किया। इस दौरान उन्होंने प्रभावित इलाकों की स्थिति का जायजा लिया और मौके पर मौजूद अधिकारियों को राहत एवं बचाव कार्य तेज करने के स्पष्ट निर्देश दिए।
प्रभावित क्षेत्रों का लिया जायजा
मुख्यमंत्री ने हवाई सर्वेक्षण के क्रम में वैशाली जिले के राघोपुर दियारा, पटना जिले के काला दियारा, रूपस महाजी, रामनगर, कसहा दियारा, तथा मोकामा, बाढ़ और फतुहा के टाल क्षेत्र का निरीक्षण किया। इसके अलावा उन्होंने बेगूसराय और मुंगेर के बाढ़ प्रभावित गांवों की स्थिति का भी आकलन किया।
अधिकारियों को दिए सख्त निर्देश
निरीक्षण के बाद मुख्यमंत्री ने कहा कि जल संसाधन विभाग पूरी तरह सतर्क रहे और लगातार मॉनिटरिंग करे। उन्होंने निर्देश दिया कि—
- निचले इलाकों में पानी बढ़ने की स्थिति पर लगातार निगरानी हो।
- जिलाधिकारी और अभियंता स्थल पर मौजूद रहकर हालात पर नज़र रखें।
- आपदा प्रबंधन विभाग सक्रिय रहकर बाढ़ प्रभावित लोगों की हर संभव मदद करे।
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि मानक संचालन प्रक्रिया (SOP) के तहत सभी जिलों और विभागों को जो दिशा-निर्देश दिए गए हैं, उनका पालन सख्ती से किया जाए।
राहत व बचाव के इंतज़ाम सुनिश्चित करने के आदेश
सीएम नीतीश कुमार ने कहा कि बाढ़ से प्रभावित परिवारों को किसी तरह की दिक्कत न हो, इसके लिए निम्न व्यवस्था सुनिश्चित की जाए—
- नाव संचालन की पर्याप्त व्यवस्था।
- पॉलिथिन शीट्स, राहत सामग्री और दवाओं की उपलब्धता।
- पशुचारे की आपूर्ति।
- बाढ़ आश्रय स्थलों और सामुदायिक रसोई का संचालन।
- ड्राई राशन पैकेट्स और फूड पैकेट्स का वितरण।
- जिला आपातकालीन संचालन केंद्र की सक्रियता।
हवाई सर्वेक्षण के दौरान मौजूद अधिकारी
मुख्यमंत्री के साथ प्रधान सचिव दीपक कुमार, सचिव अनुपम कुमार, सचिव कुमार रवि, और आपदा प्रबंधन विभाग के सचिव डॉ. चन्द्रशेखर सिंह मौजूद थे।


