बिहार विधानसभा चुनाव के बीच छपरा सीट इस बार चर्चा में है। भोजपुरी सिनेमा के दो बड़े सितारे अब राजनीति के मंच पर आमने-सामने हैं। एक तरफ हैं राजद प्रत्याशी खेसारी लाल यादव, तो दूसरी ओर बीजेपी सांसद रवि किशन। दोनों के बीच अब शब्दों की जंग शुरू हो गई है।
“मैं धर्म के विरोध में नहीं, धर्म के नाम पर राजनीति के विरोध में हूं” – खेसारी यादव
छपरा से राजद प्रत्याशी खेसारी लाल यादव ने एएनआई से बातचीत में कहा कि वह धर्म विरोधी नहीं हैं, लेकिन जो धर्म के नाम पर वोट मांगते हैं और लोगों को भड़काते हैं, उनका विरोध करते हैं।
उन्होंने कहा, “मैंने सिर्फ इतना कहा कि मंदिर जरूरी है, लेकिन कॉलेज, अस्पताल, शिक्षा और रोजगार भी जरूरी हैं। अगर लोगों को रोजगार नहीं मिलेगा तो मंदिर बनाकर क्या होगा? भूखे पेट भजन नहीं होता।”
“श्रद्धा दिल में होती है, सिर्फ मंदिर में नहीं”
खेसारी ने आगे कहा कि भगवान हमारे दिल में होते हैं, इसलिए मंदिर बनना गलत नहीं, लेकिन जनता की बुनियादी जरूरतें भी पूरी होनी चाहिए। उन्होंने कहा, “श्रद्धा दिल में होती है, मंदिर में नहीं। मंदिर बनना चाहिए, लेकिन लोगों का पेट भी भरना चाहिए।”
रवि किशन पर कड़ा तंज
रवि किशन के बयानों पर प्रतिक्रिया देते हुए खेसारी ने कहा, “रवि भैया जीते जी कुछ नहीं देते, मरने के बाद का प्रोसीजर उनका बहुत प्यारा होता है। उन्होंने कहा था कि गोरखपुर में मरोगे तो सीधे स्वर्ग जाओगे। यानी जीने के लिए कोई व्यवस्था नहीं, बस मरने के बाद की तैयारी।”
छपरा में दिलचस्प मुकाबला
छपरा विधानसभा सीट इस बार हाई-प्रोफाइल हो चुकी है। राजद ने भोजपुरी स्टार खेसारी लाल यादव को उम्मीदवार बनाया है, जबकि बीजेपी ने मौजूदा विधायक सी.एन. गुप्ता की जगह नई चेहरा छोटी कुमारी पर दांव लगाया है। छपरा का यह चुनाव अब सिर्फ सियासी नहीं, बल्कि फिल्मी सितारों की प्रतिष्ठा की लड़ाई भी बन गया है।


