मुजफ्फरपुर: बिहार के मुजफ्फरपुर जिले के पियर थाना क्षेत्र के बड़गांव में शुक्रवार को वाहन जांच के दौरान पुलिस और ग्रामीणों के बीच हिंसक झड़प हो गई। सरपंच से मारपीट के आरोप के बाद ग्रामीण भड़क उठे और सड़क जाम कर पुलिस के खिलाफ प्रदर्शन करने लगे। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए भारी संख्या में पुलिस बल तैनात करना पड़ा।
वाहन चेकिंग से शुरू हुआ विवाद
जानकारी के अनुसार, पियर थाना की पुलिस बड़गांव में नियमित वाहन जांच कर रही थी। इसी दौरान एक युवक को रोककर पूछताछ की गई। तभी स्थानीय सरपंच लाल बाबू सहनी मौके पर पहुंचे और युवक को छोड़ने की मांग करने लगे। इसी बात को लेकर पुलिस और सरपंच के बीच कहासुनी शुरू हो गई, जो कुछ ही देर में हाथापाई में बदल गई।
पुलिस पर सरपंच की पिटाई का आरोप
ग्रामीणों का आरोप है कि पुलिसकर्मियों ने सरपंच की सरेआम पिटाई कर दी। यह खबर फैलते ही बड़ी संख्या में महिलाएं, बच्चे और युवा सड़कों पर उतर आए और पुलिस के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। आक्रोशित लोगों ने मुख्य सड़क जाम कर दी, जिससे आवागमन पूरी तरह बाधित हो गया।
पुलिस को पीछे हटना पड़ा
भीड़ के उग्र होते ही पुलिस और ग्रामीणों के बीच धक्का-मुक्की भी हुई, जिसके बाद पुलिस को कुछ देर के लिए पीछे हटना पड़ा। हालात बिगड़ते देख सकरा के एसडीपीओ मनोज कुमार सिंह अतिरिक्त पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और लोगों को समझा-बुझाकर स्थिति को नियंत्रित किया।
एसएसपी ने दिए जांच के आदेश
मुजफ्फरपुर के एसएसपी कांतेश कुमार मिश्रा ने घटना को गंभीरता से लेते हुए कड़ा रुख अपनाया है। उन्होंने कहा—
“पूरे मामले की जांच के आदेश दिए गए हैं। यदि किसी जनप्रतिनिधि या अन्य व्यक्ति द्वारा विधि-व्यवस्था में बाधा डालने की पुष्टि होती है तो कानूनी कार्रवाई की जाएगी। वहीं, जांच में यदि कोई पुलिसकर्मी दोषी पाया जाता है तो उसके खिलाफ भी सख्त अनुशासनात्मक कार्रवाई होगी।”
फिलहाल इलाके में तनाव को देखते हुए पुलिस बल तैनात है और प्रशासन स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है।


