
भागलपुर, शहर में स्वास्थ्य जागरूकता को बढ़ावा देने के उद्देश्य से इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (IMA), भागलपुर शाखा द्वारा ‘स्वास्थ्य सप्ताह 2025-26’ के तहत एक विशेष कैंसर डिटेक्शन कैंप का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का उद्घाटन भागलपुर की महापौर सह चिकित्सक डॉ. बसुंधरा लाल ने दीप प्रज्वलित कर किया
कैंसर से बचाव का सबसे बड़ा हथियार—जागरूकता
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए महापौर डॉ. बसुंधरा लाल ने कहा कि कैंसर जैसी गंभीर बीमारी से लड़ाई में सबसे प्रभावी उपाय समय पर जांच और जागरूकता है। उन्होंने विशेष रूप से महिलाओं में बढ़ते ब्रेस्ट और ओवरी कैंसर के मामलों पर चिंता जताते हुए कहा कि नियमित जांच और प्रारंभिक पहचान से इस बीमारी पर काफी हद तक काबू पाया जा सकता है।
महिलाओं के लिए विशेष रूप से उपयोगी पहल
उन्होंने कहा कि इस तरह के कैंप समाज के हर वर्ग के लिए बेहद जरूरी हैं, खासकर महिलाओं के लिए, जिन्हें अक्सर स्वास्थ्य जांच के प्रति जागरूकता की कमी होती है। ऐसे शिविरों के माध्यम से लोगों को न केवल जांच की सुविधा मिलती है, बल्कि उन्हें बीमारी के लक्षण, बचाव और उपचार के बारे में भी जानकारी दी जाती है।
स्वास्थ्य के प्रति वैज्ञानिक सोच अपनाने की अपील
महापौर ने लोगों से अपील की कि वे स्वास्थ्य के प्रति जागरूक रहें और किसी भी बीमारी के लक्षण को नजरअंदाज न करें। उन्होंने कहा कि अंधविश्वास से दूर रहकर वैज्ञानिक दृष्टिकोण अपनाना आज के समय की जरूरत है, जिससे गंभीर बीमारियों का समय रहते इलाज संभव हो सके
‘Together for Health, Stand with Science’ का संदेश
कार्यक्रम के अंत में डॉ. बसुंधरा लाल ने कहा कि इस शिविर का उद्देश्य केवल जांच करना ही नहीं, बल्कि समाज में एक सकारात्मक संदेश देना भी है। “Together for Health, Stand with Science” के संकल्प के साथ इस तरह की पहल एक स्वस्थ और जागरूक समाज के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
बड़ी संख्या में लोगों ने कराई जांच
कैंप में बड़ी संख्या में लोगों ने पहुंचकर स्वास्थ्य जांच कराई। विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम द्वारा कैंसर से संबंधित विभिन्न जांचें की गईं और जरूरतमंद लोगों को उचित परामर्श भी दिया गया।
स्वस्थ भागलपुर की दिशा में कदम
आईएमए द्वारा आयोजित यह पहल भागलपुर में स्वास्थ्य जागरूकता को नई दिशा देने का काम कर रही है। ऐसे कार्यक्रमों से लोगों में बीमारी के प्रति जागरूकता बढ़ेगी और समय पर उपचार संभव हो सकेगा, जिससे समाज को एक स्वस्थ भविष्य की ओर ले जाया जा सकेगा।


