
आरा। बिहार पुलिस से जुड़ी एक बेहद दुखद खबर ने पूरे पुलिस महकमे को गहरे सदमे में डाल दिया है। भोजपुर जिले के आरा में डायल 112 यूनिट में तैनात सब-इंस्पेक्टर हरेंद्र कुमार सिंह की अचानक हार्ट अटैक से मौत हो गई। बताया जा रहा है कि वे ड्यूटी पर जाने की तैयारी कर रहे थे, तभी अचानक उनकी तबीयत बिगड़ गई और कुछ ही देर में उनकी सांसें थम गईं। इस घटना के बाद पुलिस विभाग में शोक की लहर फैल गई है, जबकि परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है।
मृतक अधिकारी हरेंद्र कुमार सिंह मूल रूप से भोजपुर जिले के पीरो थाना क्षेत्र के रजैया गांव के निवासी थे। वे पिछले कुछ वर्षों से अपने परिवार के साथ आरा शहर के जीरो माइल इलाके में रह रहे थे। वर्तमान में उनकी तैनाती नवादा थाना क्षेत्र के अंतर्गत डायल 112 सेवा में थी। पुलिस विभाग में वे एक अनुशासित और सक्रिय अधिकारी के रूप में जाने जाते थे।
परिजनों के अनुसार सोमवार देर रात तक सब कुछ सामान्य था। हरेंद्र कुमार सिंह रोज की तरह अपने कमरे में आराम करने गए थे। सुबह वे ड्यूटी पर जाने की तैयारी कर रहे थे कि अचानक उनकी तबीयत बिगड़ने लगी। परिवार के लोगों ने बताया कि उन्हें अचानक सीने में तेज दर्द महसूस हुआ और देखते ही देखते वे जमीन पर गिर पड़े। घर में अफरा-तफरी मच गई और आनन-फानन में उन्हें इलाज के लिए आरा सदर अस्पताल ले जाया गया।
अस्पताल पहुंचने के बाद डॉक्टरों ने तुरंत इलाज शुरू किया, लेकिन उनकी हालत बेहद गंभीर थी। चिकित्सकों ने उन्हें बचाने की पूरी कोशिश की, हालांकि तमाम प्रयासों के बावजूद उनकी जान नहीं बचाई जा सकी। इलाज के दौरान ही डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। अस्पताल से जैसे ही यह खबर बाहर आई, परिवार के लोगों में चीख-पुकार मच गई।
मृतक अधिकारी के पुत्र बिट्टू कुमार ने बताया कि उनके पिता पूरी तरह सामान्य थे और किसी गंभीर बीमारी की जानकारी परिवार को नहीं थी। उन्होंने कहा कि सुबह अचानक तबीयत बिगड़ने के बाद कुछ समझ ही नहीं आया। परिवार को उम्मीद थी कि अस्पताल पहुंचने के बाद उनकी हालत संभल जाएगी, लेकिन कुछ ही देर में सब खत्म हो गया।
घटना की जानकारी मिलते ही नवादा थाना पुलिस और कई वरिष्ठ अधिकारी अस्पताल पहुंचे। पुलिस अधिकारियों ने परिवार से मुलाकात कर सांत्वना दी और पूरे मामले की जानकारी ली। पुलिस विभाग ने इस आकस्मिक निधन को बड़ी क्षति बताया है। साथी पुलिसकर्मियों के अनुसार हरेंद्र कुमार सिंह हमेशा ड्यूटी के प्रति गंभीर रहते थे और अपने कार्य को पूरी ईमानदारी से निभाते थे।
स्थानीय लोगों का कहना है कि वे बेहद मिलनसार स्वभाव के व्यक्ति थे। इलाके में उनकी अच्छी पहचान थी और लोग उनका सम्मान करते थे। अचानक हुई इस घटना ने हर किसी को स्तब्ध कर दिया है। पड़ोसी और परिचित लगातार परिवार के घर पहुंचकर शोक व्यक्त कर रहे हैं।
पुलिस विभाग में भी इस खबर के बाद मायूसी का माहौल है। डायल 112 सेवा में कार्यरत पुलिसकर्मियों ने बताया कि हरेंद्र कुमार सिंह हमेशा टीम भावना के साथ काम करते थे और कठिन परिस्थितियों में भी शांत रहकर जिम्मेदारी निभाते थे। उनके निधन को विभाग के लिए अपूरणीय क्षति माना जा रहा है।
विशेषज्ञों का कहना है कि पिछले कुछ वर्षों में कम उम्र में हार्ट अटैक के मामलों में तेजी से वृद्धि हुई है। लगातार तनाव, अनियमित दिनचर्या, नींद की कमी और अत्यधिक कार्यभार इसके प्रमुख कारण माने जा रहे हैं। पुलिस विभाग में काम करने वाले अधिकारियों और जवानों पर मानसिक और शारीरिक दबाव सामान्य लोगों की तुलना में अधिक होता है, जिसका असर स्वास्थ्य पर पड़ता है।
पुलिसकर्मियों की ड्यूटी अक्सर लंबे समय तक चलती है और कई बार उन्हें लगातार तनावपूर्ण परिस्थितियों में काम करना पड़ता है। विशेषज्ञों के मुताबिक नियमित स्वास्थ्य जांच, संतुलित जीवनशैली और तनाव नियंत्रण बेहद जरूरी हो गया है। हालांकि अचानक हार्ट अटैक के मामलों में कई बार पहले से कोई स्पष्ट संकेत नहीं मिल पाता।
घटना के बाद पुलिस विभाग ने आवश्यक कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है ताकि मौत के कारणों की आधिकारिक पुष्टि की जा सके। पोस्टमार्टम के बाद पूरे राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किए जाने की संभावना है।
परिवार की स्थिति बेहद खराब बताई जा रही है। पत्नी और बच्चों का रो-रोकर बुरा हाल है। रिश्तेदारों और परिचितों की भीड़ लगातार घर पर जुट रही है। हर कोई इस अचानक हुई घटना को लेकर स्तब्ध नजर आ रहा है। परिवार के लोगों का कहना है कि उन्होंने कभी कल्पना भी नहीं की थी कि सुबह घर से ड्यूटी पर निकलने की तैयारी कर रहे व्यक्ति की कुछ ही मिनटों में मौत हो जाएगी।
आरा और आसपास के इलाके में भी इस घटना की चर्चा है। स्थानीय लोगों ने सरकार से पुलिसकर्मियों के स्वास्थ्य को लेकर विशेष व्यवस्था करने की मांग की है। लोगों का कहना है कि लगातार दबाव और तनाव में काम करने वाले पुलिस अधिकारियों के लिए समय-समय पर हेल्थ चेकअप और मानसिक स्वास्थ्य सहायता जरूरी है।
बिहार पुलिस के कई अधिकारियों और जवानों ने सोशल मीडिया के जरिए भी हरेंद्र कुमार सिंह को श्रद्धांजलि दी है। लोगों ने उन्हें ईमानदार, कर्मठ और जिम्मेदार अधिकारी बताते हुए परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की है।
फिलहाल पूरे पुलिस विभाग और इलाके में शोक का माहौल है। साथी पुलिसकर्मी इस घटना को बेहद दुखद बता रहे हैं। हरेंद्र कुमार सिंह का अचानक इस तरह दुनिया छोड़ जाना न केवल उनके परिवार बल्कि पूरे पुलिस महकमे के लिए गहरा आघात माना जा रहा है।


