पटना | 28 फरवरी, 2026: बिहार के लिए एक बड़ी और गौरवशाली खबर सामने आई है। राज्य आपदा मोचन बल (SDRF) की टीम ने अपनी जांबाजी और तकनीकी कौशल का लोहा मनवाते हुए अंतर-राज्यीय CSSR (Collapsed Structure Search & Rescue) जोनल प्रतियोगिता में प्रथम स्थान प्राप्त किया है। कोलकाता में आयोजित इस कड़ी प्रतिस्पर्धा में बिहार ने पूर्वोत्तर और पूर्वी भारत के 7 राज्यों को पीछे छोड़कर ‘चैंपियन’ का खिताब अपने नाम किया।
कोलकाता में दिखा बिहार का ‘दम’
नेशनल डिजास्टर रिस्पांस फोर्स (NDRF) की द्वितीय बटालियन, कोलकाता में आयोजित इस प्रतियोगिता में कुल 8 टीमों ने हिस्सा लिया था।
- प्रतिस्पर्धी राज्य: बिहार, पश्चिम बंगाल, त्रिपुरा, असम, अरुणाचल प्रदेश, सिक्किम और मेघालय।
- बिहार की टीम: 24 सदस्यीय इस विशेष टीम ने मलबे में दबे लोगों को खोजने और बचाने की अपनी उच्च स्तरीय तैयारी का प्रदर्शन किया।
CSSR: क्या है यह तकनीक?
सीएसएसआर (Collapsed Structure Search & Rescue) का अर्थ है— ‘ढहे हुए ढांचों में खोज और बचाव’। यह आपदा प्रबंधन की सबसे कठिन विधाओं में से एक मानी जाती है। इसमें टीम को निम्नलिखित दक्षताओं पर परखा गया:
- तकनीकी खोज: आधुनिक सेंसर्स और कैमरों के जरिए मलबे के नीचे फंसे जीवन का पता लगाना।
- ब्रेचिंग और कटिंग: कंक्रीट और लोहे की भारी दीवारों को काटकर सुरक्षित रास्ता बनाना।
- त्वरित निर्णय: कम समय में बचाव कार्य की सटीक योजना बनाना।
- समन्वय: चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में टीम का आपसी तालमेल।
अगला लक्ष्य: गाजियाबाद में ‘नेशनल’ की चुनौती
जोनल स्तर पर पहला स्थान हासिल करने के साथ ही बिहार SDRF ने गाजियाबाद में होने वाली राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता के लिए क्वालीफाई कर लिया है। अब बिहार की यह 24 सदस्यीय टीम देश की सबसे बेहतरीन टीमों से मुकाबला करेगी।
बधाईयों का तांता
इस ऐतिहासिक जीत पर बिहार के प्रशासनिक गलियारों में खुशी की लहर है:
- नारायण प्रसाद (विभागीय मंत्री): उन्होंने टीम के पेशेवर अंदाज और मेहनत की सराहना की।
- प्रत्यय अमृत (मुख्य सचिव): उन्होंने इसे राज्य के आपदा प्रबंधन ढांचे की मजबूती का प्रतीक बताया।
- डॉ. चंद्रशेखर सिंह (सचिव): उन्होंने टीम के सदस्यों को भविष्य के लिए शुभकामनाएं दीं।
VOB का नजरिया: आपदा से लड़ने को तैयार बिहार
बिहार एक ऐसा राज्य है जो हर साल बाढ़ और भूकंप जैसी आपदाओं की आशंकाओं से घिरा रहता है। ऐसे में SDRF की टीम का जोनल स्तर पर ‘नंबर 1’ आना यह भरोसा दिलाता है कि विपत्ति के समय हमारी रक्षक टीम अत्याधुनिक संसाधनों और विश्वस्तरीय कौशल से लैस है। यह जीत केवल एक ट्रॉफी नहीं, बल्कि उन लाखों बिहारियों के लिए सुरक्षा का एक आश्वासन भी है।
ब्यूरो रिपोर्ट, द वॉयस ऑफ बिहार (VOB)।


