भागलपुर, 16 जुलाई — घोघा थाना क्षेत्र के पन्नूचक गांव में सोमवार सुबह हुई गोलीबारी की घटना में घायल राजेश मंडल की मौत हो गई थी। मंगलवार को पोस्टमार्टम के बाद पुलिस ने शव परिजनों को सौंप दिया। शव गांव पहुंचते ही परिजनों में कोहराम मच गया। मृतक की पत्नी गुड़िया देवी का रो-रो कर बुरा हाल है।
राजेश मंडल अपने पीछे दो बेटियां — चार वर्षीय लक्ष्मी और एक वर्षीय एक अन्य बच्ची को छोड़ गए हैं। देर शाम घोघा गंगा घाट पर उनका अंतिम संस्कार किया गया, जहां बड़ी बेटी लक्ष्मी कुमारी ने मुखाग्नि दी।
मौत के रहस्य पर उठे सवाल, परिजन बोले — हत्या की गई है
राजेश मंडल की मौत को लेकर परिवार के सदस्य गंभीर सवाल उठा रहे हैं। मृतक के भाई कारू मंडल ने हत्या का आरोप लगाते हुए कहा,
“शंकरपुर निवासी माखन मंडल ने ही राजेश को गोली मारी है। घटना के बाद उसे झोला लेकर भागते देखा गया था। जब मैं राजेश को अस्पताल ले जा रहा था, उसी समय मजदूर महिलाओं ने बताया कि माखन खेत में छिपा बैठा है। अगर समय मिलता तो मैं खुद उसे पकड़ लेता।”
परिजनों का यह भी कहना है कि राजेश ने पहले खुद को गोली लगने की बात कही थी, लेकिन हालात और घटनाक्रम हत्या की आशंका को बल दे रहे हैं।
पुलिस जांच में जुटी, अभी तक नहीं मिला हथियार
घोघा थानाध्यक्ष अजीत कुमार ने बताया कि अभी तक मृतक के परिजनों की ओर से कोई लिखित आवेदन प्राप्त नहीं हुआ है। उन्होंने कहा कि आवेदन मिलते ही आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस अभी तक घटना में प्रयुक्त कट्टा या हथियार बरामद नहीं कर सकी है। घटनास्थल की जांच की जा रही है और संभावित आरोपित की तलाश जारी है।
ग्रामीणों में भी है चर्चा का विषय
घटना के बाद पन्नूचक और आस-पास के ग्रामीणों में भय और चर्चा का माहौल है। कई ग्रामीणों ने अनौपचारिक रूप से बताया कि माखन मंडल का आना-जाना और कुछ गतिविधियाँ पहले से ही संदिग्ध थीं।


