
भागलपुर जिले के युवाओं के लिए रोजगार का एक बड़ा अवसर सामने आया है। जिला प्रशासन की ओर से जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार 25 जून 2026 (गुरुवार) को जिला निबंधन-सह-परामर्श केंद्र (डीआरसीसी), बरारी, भागलपुर में कौशल एवं रोजगार मेला आयोजित किया जाएगा। इस मेले का आयोजन सुबह 11 बजे से दोपहर 3 बजे तक किया जाएगा, जहां विभिन्न निजी कंपनियां योग्य अभ्यर्थियों का चयन करेंगी। यह रोजगार मेला विशेष रूप से अनुसूचित जाति वर्ग के युवाओं के लिए आयोजित किया जा रहा है, ताकि उन्हें रोजगार और कौशल विकास के बेहतर अवसर उपलब्ध कराए जा सकें।
यह मेला अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति कल्याण विभाग, बिहार, पटना के तत्वावधान में आयोजित हो रहा है। कार्यक्रम प्रधानमंत्री अनुसूचित जाति अभ्युदय योजना (PM-AJAY) के तहत अवर प्रादेशिक नियोजनालय, भागलपुर द्वारा संचालित किया जाएगा। प्रशासन का उद्देश्य इस पहल के जरिए अधिक से अधिक युवाओं को निजी क्षेत्र में रोजगार उपलब्ध कराना और आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाना है।
जिला प्रशासन का मानना है कि वर्तमान समय में रोजगार के अवसरों को युवाओं तक पहुंचाना बेहद जरूरी है। इसी सोच के साथ कौशल एवं रोजगार मेले का आयोजन किया जा रहा है, जहां उम्मीदवारों को सीधे कंपनियों से जुड़ने और इंटरव्यू देने का अवसर मिलेगा। इससे रोजगार पाने की प्रक्रिया अधिक सरल और पारदर्शी बनेगी।
रोजगार मेले में कई प्रतिष्ठित कंपनियां भाग लेंगी। इनमें (एलआईसी ऑफ इंडिया), , भारत फाइनेंशियल इंक्लूजन लिमिटेड, तथा शिव-शक्ति एग्रीटेक लिमिटेड जैसी कंपनियां शामिल हैं। इन कंपनियों द्वारा विभिन्न पदों के लिए अभ्यर्थियों का चयन किया जाएगा। कंपनियों की भागीदारी इस मेले को और महत्वपूर्ण बनाती है क्योंकि इससे युवाओं को एक ही स्थान पर कई रोजगार विकल्प मिलेंगे।
रोजगार मेले में 10वीं, 12वीं, आईटीआई और स्नातक उत्तीर्ण अभ्यर्थी भाग ले सकेंगे। यह पात्रता विभिन्न शैक्षणिक स्तर के युवाओं को रोजगार के अवसर प्रदान करने की दिशा में एक सकारात्मक कदम माना जा रहा है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि इस मेले में अनुसूचित जाति वर्ग के योग्य अभ्यर्थियों की भर्ती प्राथमिकता के आधार पर की जाएगी।
वेतन की बात करें तो चयनित अभ्यर्थियों को कंपनियों की ओर से 12 हजार से 20 हजार रुपये प्रति माह तक CTC के आधार पर वेतन दिया जाएगा। शुरुआती स्तर पर यह वेतन युवाओं के लिए एक अच्छा अवसर माना जा रहा है, विशेषकर उन अभ्यर्थियों के लिए जो नौकरी की तलाश में हैं या अपने करियर की शुरुआत करना चाहते हैं। रोजगार विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह के मेले युवाओं को न केवल नौकरी दिलाने में मदद करते हैं बल्कि निजी क्षेत्र की कार्यसंस्कृति से परिचित भी कराते हैं।
प्रशासन ने इच्छुक अभ्यर्थियों से अपील की है कि वे अधिक से अधिक संख्या में पहुंचकर इस अवसर का लाभ उठाएं। अधिकारियों का कहना है कि रोजगार मेले का मुख्य उद्देश्य केवल भर्ती करना नहीं, बल्कि युवाओं में आत्मविश्वास और रोजगार के प्रति जागरूकता बढ़ाना भी है। कौशल आधारित रोजगार आज के समय की सबसे बड़ी आवश्यकता बन चुका है और ऐसे आयोजन इस दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
इच्छुक उम्मीदवार भारत सरकार के पर जाकर स्वयं पंजीकरण कर सकते हैं। इसके अलावा अभ्यर्थी मेले के दिन मौके पर पहुंचकर भी रजिस्ट्रेशन करा सकते हैं। ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों तरह की पंजीकरण सुविधा उपलब्ध होने से अधिक संख्या में उम्मीदवारों के शामिल होने की संभावना बढ़ गई है।
रोजगार मेले में शामिल होने वाले अभ्यर्थियों को आवश्यक दस्तावेज साथ लाने होंगे। प्रशासन ने निर्देश दिया है कि उम्मीदवार अपना बायोडाटा, सभी शैक्षणिक प्रमाण पत्र, पांच रंगीन पासपोर्ट फोटो, आधार कार्ड, पैन कार्ड और अन्य आवश्यक प्रमाण पत्रों की छायाप्रति अवश्य लेकर आएं। सभी दस्तावेज तैयार होने से चयन प्रक्रिया आसान और तेज होगी।
जिला प्रशासन ने यह भी स्पष्ट किया है कि इस रोजगार मेले में भाग लेने के लिए किसी प्रकार का शुल्क नहीं लिया जाएगा। यानी आवेदन, पंजीकरण या इंटरव्यू प्रक्रिया पूरी तरह निशुल्क होगी। अधिकारियों ने युवाओं को आगाह किया है कि यदि कोई व्यक्ति या संस्था रोजगार दिलाने के नाम पर पैसे मांगती है तो उससे सावधान रहें और इसकी सूचना प्रशासन को दें।
विशेषज्ञों के अनुसार बिहार में रोजगार मेलों की बढ़ती संख्या इस बात का संकेत है कि सरकार अब कौशल विकास और रोजगार सृजन पर विशेष ध्यान दे रही है। भागलपुर जैसे जिलों में इस प्रकार के आयोजन स्थानीय युवाओं के लिए बेहद उपयोगी साबित हो सकते हैं, क्योंकि इससे उन्हें बड़े शहरों में जाए बिना नौकरी पाने का अवसर मिलता है।
स्थानीय युवाओं और अभिभावकों में भी इस रोजगार मेले को लेकर उत्साह देखा जा रहा है। कई उम्मीदवारों का मानना है कि एक ही मंच पर कई कंपनियों से बातचीत करने और इंटरव्यू देने का अवसर मिलना उनके करियर के लिए फायदेमंद साबित होगा। इससे चयन की संभावनाएं भी बढ़ जाती हैं।
कुल मिलाकर, 25 जून को भागलपुर के डीआरसीसी बरारी में आयोजित होने वाला यह कौशल एवं रोजगार मेला युवाओं के लिए सुनहरा मौका बन सकता है। रोजगार की तलाश कर रहे उम्मीदवारों के लिए यह न केवल नौकरी पाने का अवसर है, बल्कि अपने भविष्य को नई दिशा देने का भी मंच है। जिला प्रशासन की यह पहल क्षेत्र में रोजगार के नए द्वार खोलने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।


