
भागलपुर | महिला सुरक्षा को लेकर भागलपुर पुलिस अब ‘जीरो टॉलरेंस’ के मूड में है। पुलिस मुख्यालय से निर्देश मिलते ही वरीय पुलिस अधीक्षक (SSP) के नेतृत्व में गुरुवार (5 फरवरी 2026) को एक विशेष अभियान चलाया गया। पुलिस के आला अधिकारियों ने खुद गर्ल्स हॉस्टल्स की चौखट पर दस्तक दी और वहां की सुरक्षा व्यवस्था को परखा।
इन अधिकारियों ने किया औचक निरीक्षण
सुरक्षा मानकों की जांच के लिए एक मजबूत टीम मैदान में उतरी थी। इसमें शामिल थे:
- परिक्ष्यमान सहायक पुलिस अधीक्षक (Probationary ASP)
- परिक्ष्यमान पुलिस उपाधीक्षक (Probationary DSP)
- महिला थाना अध्यक्ष (SHO)
टीम ने शहर के विभिन्न महिला और बालिका हॉस्टल्स का कोना-कोना चेक किया।
रजिस्टर चेक: कौन आता है, कौन जाता है?
निरीक्षण के दौरान पुलिस का सबसे ज्यादा फोकस ‘रिकॉर्ड मेंटेनेंस’ पर रहा। अधिकारियों ने हॉस्टल संचालकों से रजिस्टर मांगकर चेक किए:
- निवासी रजिस्टर: हॉस्टल में रहने वाली लड़कियों का पूरा विवरण।
- विजिटर रजिस्टर: कौन मिलने आ रहा है, कब आ रहा है, इसका पूरा ब्योरा। पुलिस ने सख्त निर्देश दिया कि इन रजिस्टरों को रोजाना अपडेट किया जाए।
अल्टीमेटम: नियम तोड़े तो नपेंगे
पुलिस ने हॉस्टल संचालकों को साफ शब्दों में चेतावनी दी है कि पुलिस मुख्यालय द्वारा जारी SOP (मानक संचालन प्रक्रिया) का हर हाल में पालन करना होगा।
- 24 घंटे महिला वार्डन, CCTV और सुरक्षा के जो नियम बनाए गए हैं, उनमें कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
- पुलिस ने कहा कि यह सिर्फ एक दिन की जांच नहीं है। समय-समय पर ऐसे ही सरप्राइज रिव्यू (Surprise Review) होते रहेंगे। अगर नियमों का उल्लंघन मिला, तो कानूनी कार्रवाई तय है।


