पटना, 13 अगस्त।बिहार के उपमुख्यमंत्री श्री सम्राट चौधरी ने बताया कि बिहार ग्रामीण जीविकोपार्जन प्रोत्साहन समिति (जीविका) से जुड़े सामुदायिक संगठन कार्यकर्ता, सामुदायिक सेवा प्रदाता एवं सामुदायिक संसाधन सेवी का मानदेय दोगुना करने के लिए ₹347.51 करोड़ की स्वीकृति दी गई है।
फैसले के मुख्य बिंदु
- लाभार्थी: लगभग 1.40 लाख प्रशिक्षु, प्रशिक्षक, फील्ड स्टाफ और अन्य कर्मी।
- व्यय भार: मानदेय वृद्धि से प्रति वर्ष ₹735 करोड़ का अतिरिक्त खर्च राज्य योजना पर आएगा।
- वित्तीय व्यवस्था: वित्तीय वर्ष 2025-26 में अग्रिम स्वीकृति के रूप में ₹347.51 करोड़ बिहार आकस्मिकता निधि से प्रदान किए जाएंगे।
- खर्च वहन: पूरा खर्च राज्य सरकार वहन करेगी।
उपमुख्यमंत्री का बयान
श्री चौधरी ने कहा कि नीतीश कुमार के नेतृत्व वाली एनडीए सरकार जीविका स्वयं सहायता समूह के अंतर्गत कार्यरत कर्मचारियों के हितों के लिए लगातार प्रयासरत है। इस मानदेय वृद्धि से सामुदायिक संगठन कार्यकर्ता, सेवा प्रदाता और संसाधन सेवी को प्रत्यक्ष लाभ होगा, जिससे उनकी आर्थिक स्थिति मजबूत होगी।
