“मंत्री पद को लेकर चर्चाओं के बीच मांझी का बड़ा संदेश: ‘कसक है… पर संगठन सर्वोपरि’”

केंद्रीय मंत्री और हिंदुस्तान आवाम मोर्चा (हम) के प्रमुख जीतन राम मांझी ने मंत्री पद को लेकर उठ रहे सवालों पर अपना रुख स्पष्ट किया है। उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी कभी भी दबाव की राजनीति नहीं करती और न ही मंत्री पद की मांग को लेकर सरकार पर दबाव बनाती है। मांझी ने कहा कि हम हमेशा संगठन के फैसलों का सम्मान करते हैं और इस बार भी केवल विधायकों की सीटों को लेकर ही चर्चा की गई है, मंत्री पद को लेकर कोई आग्रह नहीं रखा गया।

मांझी ने स्वीकार किया कि मंत्री पद को लेकर व्यक्तिगत स्तर पर कुछ कसक अवश्य है, लेकिन यह मामला पार्टी प्रभारी और नेतृत्व के अधिकार क्षेत्र में है, इसलिए इसे सार्वजनिक रूप से उठाना उचित नहीं होगा।


राहुल गांधी पर सीधा हमला

अपनी टिप्पणी के दौरान जीतन राम मांझी ने कांग्रेस सांसद राहुल गांधी पर बड़ा प्रहार किया। उन्होंने आरोप लगाया कि बिहार विधानसभा चुनाव 2025 में महागठबंधन की हार के पीछे राहुल गांधी की गलत रणनीति और विवादित बयान ज़िम्मेदार हैं।

मांझी के अनुसार—

  • राहुल गांधी द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की माता के संबंध में दिए गए बयान से जनता में नाराजगी फैल गई।
  • चुनाव से कुछ दिन पहले ‘छठ’ जैसे लोक आस्था के महापर्व को लेकर राहुल गांधी का “नाटक” वाला बयान कई विपक्षी नेताओं को भी रास नहीं आया और वे दूरी बनाने लगे।

मांझी ने कहा कि इन विवादित बयानों ने महागठबंधन की छवि को नुकसान पहुंचाया और इसका सीधा असर चुनावी नतीजों में देखने को मिला।


हम पार्टी का प्रदर्शन: 6 में से 5 सीटों पर जीत

हम पार्टी के चुनावी प्रदर्शन पर बात करते हुए मांझी ने कहा कि एनडीए के साथ मिलकर उनकी पार्टी ने शानदार प्रदर्शन किया है।
उन्होंने बताया कि 6 सीटों में से 5 पर जीत हासिल कर हम पार्टी ने खुद को एक मजबूत राजनीतिक शक्ति के रूप में स्थापित किया है।

जीती गई सीटें:

  • कुटुंबा
  • इमामगंज
  • अतरी
  • सिकंदरा
  • बाराचट्टी

इनमें से कई सीटों पर कांटे की टक्कर देखने को मिली, लेकिन जनता ने हम पार्टी और एनडीए पर भरोसा जताते हुए स्पष्ट जनादेश दिया।


 

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