अबू धाबी/पटना | 02 मार्च, 2026: मध्य पूर्व (मिडल ईस्ट) में बढ़ते तनाव और इजराइल-ईरान युद्ध के साये के बीच संयुक्त अरब अमीरात (UAE) से एक बड़ी खबर सामने आ रही है। अबू धाबी स्थित ऐतिहासिक BAPS हिंदू मंदिर को सोमवार (आज) से 9 मार्च तक के लिए आम आगंतुकों और श्रद्धालुओं के लिए बंद कर दिया गया है। मंदिर प्रबंधन ने यह फैसला राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहों और वर्तमान वैश्विक स्थिति को देखते हुए एहतियात के तौर पर लिया है।
सुरक्षा कारणों से लिया गया फैसला: आधिकारिक बयान
BAPS हिंदू मंदिर, अबू धाबी की ओर से जारी एक आधिकारिक बयान में कहा गया है कि वर्तमान परिस्थितियों को देखते हुए और सुरक्षा संबंधी प्रोटोकॉल के अनुरूप मंदिर के द्वार श्रद्धालुओं के लिए अस्थाई रूप से बंद रहेंगे।
- अवधि: सोमवार, 02 मार्च से रविवार, 09 मार्च 2026 तक।
- कारण: राष्ट्रीय सुरक्षा संबंधी सलाह और एहतियाती कदम।
- प्रार्थना जारी: भले ही मंदिर में आगंतुकों का प्रवेश वर्जित है, लेकिन मंदिर के स्वामी और पुजारी परिसर के भीतर दुनिया की शांति, सुरक्षा और जन-कल्याण के लिए निरंतर प्रार्थनाएं जारी रखेंगे।
मिडल ईस्ट तनाव का असर?
यह फैसला ऐसे समय में आया है जब ईरान और इजराइल के बीच भीषण मिसाइल हमले जारी हैं और पूरे खाड़ी क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था को चाक-चौबंद किया जा रहा है। अबू धाबी का यह मंदिर न केवल आस्था का केंद्र है, बल्कि यह यूएई की सांस्कृतिक विविधता का एक प्रतीक भी है। भारी भीड़ और वर्तमान युद्ध की स्थिति को देखते हुए प्रशासन किसी भी तरह का जोखिम नहीं उठाना चाहता।
VOB का नजरिया: आस्था पर सुरक्षा की प्राथमिकता
अबू धाबी का BAPS मंदिर अपनी वास्तुकला और शांतिपूर्ण वातावरण के लिए दुनिया भर में मशहूर है। बिहार और भारत के हजारों पर्यटक यहाँ हर महीने दर्शन के लिए पहुँचते हैं। ‘द वॉयस ऑफ बिहार’ श्रद्धालुओं से अपील करता है कि वे मंदिर की आधिकारिक एडवाइजरी का पालन करें और फिलहाल अपनी यात्रा की योजना 9 मार्च के बाद के लिए पुनर्निर्धारित करें।


