सांसदों की उपस्थिति में उच्चस्तरीय बैठक
पूर्व रेलवे द्वारा आज आसनसोल में आसनसोल एवं मालदा रेल मंडल नेटवर्क से संबंधित रेल मंडल संसदीय समिति की एक उच्चस्तरीय बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में आसनसोल एवं मालदा मंडल से जुड़े माननीय सांसदों ने भाग लिया। बैठक की अध्यक्षता माननीय सांसद श्री शत्रुघ्न सिन्हा ने की, जबकि पूर्व रेलवे के महाप्रबंधक श्री मिलिंद देवूस्कर की गरिमामयी उपस्थिति रही। बैठक का उद्देश्य दोनों रेल मंडलों से जुड़े प्रमुख मुद्दों और विकासात्मक पहलों पर विस्तार से विचार-विमर्श करना था।
रेल अवसंरचना और यात्री सुविधाओं पर प्रस्तुतीकरण
बैठक के दौरान आसनसोल और मालदा मंडलों द्वारा बीते एक वर्ष में किए गए कार्यों पर विस्तृत प्रस्तुतीकरण दिया गया। इसमें रेलवे अवसंरचना के उन्नयन, यात्री-केंद्रित पहलों और परिचालन सुधारों की जानकारी साझा की गई। बड़े पैमाने पर लिफ्ट और एस्केलेटर की सुविधा, स्टेशनों का पुनर्विकास और यात्री सुविधाओं में उल्लेखनीय सुधार को विशेष रूप से सराहा गया।
वरिष्ठ रेलवे अधिकारी रहे उपस्थित
इस बैठक में पूर्व रेलवे के प्रमुख विभागाध्यक्षों की उपस्थिति रही, जिनमें निर्माण, इंजीनियरिंग, वाणिज्य, परिचालन, विद्युत, सिग्नल एवं दूरसंचार, मैकेनिकल तथा सुरक्षा विभागों के वरिष्ठ अधिकारी शामिल थे। साथ ही मालदा मंडल और आसनसोल मंडल के मंडल रेल प्रबंधक तथा महाप्रबंधक कार्यालय के वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे।
कई सांसदों ने बैठक में रखे सुझाव
बैठक में आसनसोल, बांका, दुमका, भागलपुर से लोकसभा सांसदों तथा राज्यसभा सांसद ने भाग लिया। इसके अलावा जामुई, दुर्गापुर, धनबाद, गिरिडीह, बीरभूम, मालदा, उत्तर मालदा, कोडरमा, गोड्डा और जंगीपुर से जुड़े सांसदों के प्रतिनिधि भी बैठक में उपस्थित रहे। सभी जनप्रतिनिधियों ने अपने-अपने क्षेत्रों से संबंधित रेल समस्याओं और सुझावों को रखा।
अमृत भारत स्टेशन योजना के कार्यों की जानकारी
रेल मंडल अधिकारियों ने सांसदों को अमृत भारत स्टेशन योजना के अंतर्गत किए जा रहे प्रमुख स्टेशनों के पुनर्विकास कार्यों की जानकारी दी। आधुनिक कॉनकोर्स, बेहतर प्रतीक्षालय, उन्नत सर्कुलेटिंग एरिया और दिव्यांगजनों के अनुकूल सुविधाओं को इन कार्यों की प्रमुख विशेषता बताया गया।
लिफ्ट और एस्केलेटर से यात्रियों को राहत
बैठक में दोनों मंडलों के प्रमुख स्टेशनों पर लिफ्ट और एस्केलेटर की व्यापक स्थापना पर भी प्रकाश डाला गया। इससे वरिष्ठ नागरिकों, महिलाओं और दिव्यांग यात्रियों को काफी सुविधा मिली है। इस पहल को बैठक की अध्यक्षता कर रहे सांसद द्वारा विशेष रूप से सराहा गया।
नई ट्रेन सेवाओं और एलएचबी रेक की जानकारी
बैठक में नई ट्रेन सेवाओं की शुरुआत और विस्तार पर भी चर्चा की गई। अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेनों के संचालन, कई लंबी दूरी की ट्रेनों को एलएचबी रेक में परिवर्तित किए जाने और मालदा मंडल से होकर देश की पहली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन के संचालन को एक ऐतिहासिक उपलब्धि बताया गया। इन ट्रेनों को माननीय प्रधानमंत्री द्वारा रवाना किया गया था।
सुरक्षा और तकनीकी सुधारों पर जोर
रेलवे द्वारा इलेक्ट्रॉनिक इंटरलॉकिंग सिस्टम, यार्ड रिमॉडलिंग, 130 किलोमीटर प्रति घंटे की गति के लिए सेफ्टी फेंसिंग, सिग्नल और दूरसंचार व्यवस्था को मजबूत करने जैसे कार्यों की भी जानकारी दी गई। इसके साथ ही कोच इंडिकेशन बोर्ड, ट्रेन इंडिकेशन बोर्ड, सीसीटीवी निगरानी, मशीनीकृत सफाई, मुफ्त वाई-फाई, बेबी फीडिंग रूम, वाटर वेंडिंग मशीन, वन स्टेशन वन प्रोडक्ट स्टॉल और जन औषधि केंद्र जैसी सुविधाओं पर भी चर्चा हुई।
स्टेशन ठहराव और विशेष ट्रेनों का उल्लेख
बताया गया कि बीते वर्ष दोनों मंडलों में कई स्टेशनों पर नई ट्रेन ठहराव सुविधाएं प्रदान की गईं, जिससे लंबे समय से चली आ रही जन मांगों का समाधान हुआ। सांसदों और उनके प्रतिनिधियों ने कुछ और स्टेशनों पर अतिरिक्त ठहराव के सुझाव दिए, जिन्हें आगे विचार के लिए स्वीकार किया गया। इसके अलावा श्रावणी मेला, ग्रीष्मकालीन और पर्व विशेष ट्रेनों के सफल संचालन की भी जानकारी दी गई।
सांसदों ने जताया संतोष
बैठक में शामिल माननीय सांसदों ने रेल विकास की गति पर संतोष व्यक्त किया और पूर्व रेलवे की सक्रिय कार्यशैली की सराहना की। साथ ही बेहतर कनेक्टिविटी, नई ट्रेन सेवाओं, कोच बदलने, रोड ओवर ब्रिज निर्माण और यात्री सुविधाओं में और सुधार के सुझाव दिए।
पूर्व रेलवे का आश्वासन
पूर्व रेलवे के महाप्रबंधक श्री मिलिंद देवूस्कर ने सांसदों को आश्वस्त किया कि बैठक में दिए गए सभी सुझावों की तकनीकी और आर्थिक दृष्टि से जांच की जाएगी तथा आवश्यक मामलों को रेलवे बोर्ड के समक्ष रखा जाएगा। उन्होंने कहा कि पूर्व रेलवे यात्रियों की सुरक्षा, सुविधा और समावेशी विकास के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रहा है।


