खगड़िया में अंधविश्वास का खूनी खेल: डायन बताकर महिला और मासूमों पर जानलेवा हमला; घर में घुसकर ₹1 लाख की लूट, वीडियो वायरल

खगड़िया | 23 फरवरी, 2026: बिहार में कानून और शिक्षा के प्रसार के दावों के बीच अंधविश्वास की जड़ें आज भी कितनी गहरी हैं, इसकी एक भयावह तस्वीर खगड़िया जिले से सामने आई है। बेलदौर थाना क्षेत्र के चौढ़ली पंचायत में एक महिला को ‘डायन’ बताकर न केवल बेरहमी से पीटा गया, बल्कि उसके मासूम बच्चों को भी नहीं बख्शा गया। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद इलाके में तनाव और आक्रोश का माहौल है।

पति की गैरमौजूदगी में ‘हैवानियत’

​पीड़िता मंजू देवी (हल्का वासा, वार्ड-05 निवासी) ने पुलिस को दिए आवेदन में गांव के ही आठ लोगों को नामजद किया है। घटना उस वक्त हुई जब मंजू देवी घर में खाना बना रही थी और उनके पति घर पर नहीं थे।

  • बर्बरता: आरोपी लाठी-डंडे, ईंट-पत्थर और हथौड़ी जैसे हथियारों से लैस होकर घर में घुस आए।
  • अपमान: पीड़िता का आरोप है कि हमलावरों ने उसे ‘डायन-जोगिन’ कहकर भद्दी गालियां दीं और सरेआम अपमानित किया।
  • मासूमों पर हमला: अपनी मां को बचाने आए छोटे-छोटे बच्चों को भी हमलावरों ने बेरहमी से पीटा।

घर में लूटपाट और ₹1 लाख की चोरी

​मारपीट के साथ-साथ आरोपियों ने पीड़िता के घर में जमकर तांडव मचाया:

  1. तोड़फोड़: हमलावरों ने फूस का घर पूरी तरह क्षतिग्रस्त कर दिया।
  2. लूट: बक्से का ताला तोड़कर उसमें रखे करीब एक लाख रुपये नकद लूट लिए।
  3. धमकी: जाते-जाते आरोपियों ने पूरे परिवार को जान से मारने की धमकी दी कि यदि पुलिस के पास गए तो अंजाम बुरा होगा।

हालत नाजुक, सदर अस्पताल रेफर

​हमले में मंजू देवी के शरीर पर गंभीर चोटें आई हैं। स्थानीय अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद उनकी नाजुक स्थिति को देखते हुए डॉक्टरों ने उन्हें खगड़िया सदर अस्पताल रेफर कर दिया है। उनके शरीर पर गहरे जख्मों के निशान अंधविश्वास की उस क्रूरता की गवाही दे रहे हैं।

साजिश: खुद को बचाने के लिए दिया ‘झूठा’ आवेदन

​पीड़िता ने आशंका जताई है कि आरोपी पक्ष रसूखदार है और पुलिस को गुमराह करने के लिए खुद के घर में आंशिक तोड़फोड़ कर एक फर्जी आवेदन थाने में पहले ही दे चुका है। हालांकि, सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा वीडियो सच्चाई बयां कर रहा है, जिसमें घर के अंदर घुसकर की गई हिंसा और तोड़फोड़ साफ देखी जा सकती है।

पुलिस का बयान

​”पीड़िता मंजू देवी का आवेदन प्राप्त हुआ है। मामला अत्यंत गंभीर है और इसकी बारीकी से जांच की जा रही है। वायरल वीडियो को भी संज्ञान में लिया गया है। जांच के बाद दोषियों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।” — अजीत कुमार, थानाध्यक्ष, बेलदौर

द वॉयस ऑफ बिहार का विश्लेषण

​21वीं सदी में भी ‘डायन’ जैसे शब्दों का इस्तेमाल कर महिलाओं को प्रताड़ित करना समाज के माथे पर कलंक है। खगड़िया पुलिस के लिए यह चुनौती है कि वह न केवल दोषियों को जेल भेजे, बल्कि इस अंधविश्वास के खिलाफ गांव में जागरूकता अभियान भी चलाए।

ब्यूरो रिपोर्ट, द वॉयस ऑफ बिहार।

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