बिहार में अब ‘योगी मॉडल’ से खत्म होगा माफिया राज, कैबिनेट की मंजू

बिहार में अपराध, भ्रष्टाचार, बालू-जमीन-शराब माफिया राज को खत्म करने के लिए बिहार सरकार सख्त कानून बनाने जा रही है. बिहार कैबिनेट (Bihar Cabinet) की बैठक में नए कानून के प्रारूप को मंजूरी दी गई है. बिहार विधानमंडल (Bihar Assembly) के मौजूदा सत्र में इसे बिल के रूप में सदन में पेश किया जाएगा. अपराध, भ्रष्टाचार, माफियाओं पर पूरी तरह नकेल कसने के लिए यह कदम उठाया जा रहा है. इस कानून को यूपी के गैंगस्टर एक्ट की तरह ही माना जा रहा है।

भ्रष्टाचार से जुड़े जिन मामलों को संगीन अपराध की श्रेणी में नहीं रखा जाता था. इस कानून में उन मामलों को गंभीर मानते हुए उस पर सख्त सजा का प्रावधान भी किया जाएगा. सरकारी राशि में गड़बड़ी, सरकारी पैसों का बंदरबांट करने वालों के लिए भी इस कानून में कड़ी सजा का प्रावधान होगा. बिहार में एनडीए सरकार बनने के बाद से नीतीश कुमार एक्शन के मूड में है. क्राइम करप्शन के मुद्दे पर बिलकुल समझौता करने के मूड में नहीं हैं।

बता दें कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की अध्यक्षता में मंगलवार को राज्य मंत्रिपरिषद की बैठक की गई. इस बैठक में भ्रष्टाचार और माफिया राज पर सख्त कार्रवाई करने के लिए लाए जाने वाले कानून के प्रारूप को स्वीकृति दी गई. बैठक में कुल पांच प्रस्तावों को स्वीकृति दी गई है. वहीं, बिहार में भ्रष्टाचार से निपटने के लिए पहले से ही तीन-तीन एजेंसियां काम कर रही हैं. इनमें आर्थिक अपराध इकाई, निगरानी ब्यूरो और विशेष निगरानी इकाई है. इन तीनों एजेंसियों के पास पूर्व से काफी शक्तियां हैं. सरकार इन जांच एजेंसियों की शक्तियां और बढ़ा सकती है।

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