
नई दिल्ली | संसद में नीट पेपर लीक और छात्रों पर कथित लाठीचार्ज को लेकर जारी राजनीतिक घमासान के बीच भारतीय जनता पार्टी ने कांग्रेस सांसद और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी पर बड़ा राजनीतिक हमला बोला है। बीजेपी सांसद निशिकांत दुबे ने दावा किया कि पार्टी राहुल गांधी को लोकसभा में विपक्ष के नेता (Leader of Opposition) के पद से हटाने के लिए संसद में प्रस्ताव लाने पर विचार कर रही है। साथ ही उन्होंने राहुल गांधी की वर्ष 2004 से 2026 तक की विदेश यात्राओं की विशेष जांच (SIT) कराने की मांग भी उठाई।
विपक्ष के नेता पद से हटाने का दावा
मीडिया से बातचीत में निशिकांत दुबे ने कहा कि राहुल गांधी की विदेश यात्राओं और उनके बयानों को लेकर गंभीर सवाल हैं। उनका दावा है कि बीजेपी संसद में ऐसा प्रस्ताव लाने की कोशिश करेगी, जिसके माध्यम से राहुल गांधी को विपक्ष के नेता के पद से हटाया जा सके।
विदेश यात्राओं पर उठाए सवाल
बीजेपी सांसद ने आरोप लगाया कि वर्ष 2004 से 2026 तक राहुल गांधी ने जितनी भी विदेश यात्राएं की हैं, उनकी पूरी जानकारी सार्वजनिक नहीं है। उन्होंने सवाल उठाया कि विदेश दौरों के दौरान राहुल गांधी किन लोगों से मिले, किन कार्यक्रमों में शामिल हुए और किन विषयों पर चर्चा की, इसकी पारदर्शी जानकारी देश के सामने आनी चाहिए।
2008 के कथित चीन समझौते का भी किया जिक्र
निशिकांत दुबे ने कांग्रेस और चीन के बीच वर्ष 2008 में हुए कथित समझौते का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि इस समझौते से जुड़े तथ्यों को सार्वजनिक किया जाना चाहिए और इसकी भी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।
SIT जांच की मांग
बीजेपी सांसद ने मांग की कि राहुल गांधी की 2004 से 2026 तक की सभी विदेश यात्राओं, उनसे जुड़े संपर्कों और कथित समझौतों की जांच के लिए विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया जाए। उनका कहना है कि विपक्ष के नेता के विदेश दौरों से जुड़े सभी तथ्यों की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।
संसद में बढ़ा राजनीतिक टकराव
नीट पेपर लीक, छात्रों के विरोध-प्रदर्शन और संसद में जारी बहस के बीच यह बयान राजनीतिक माहौल को और गर्म कर सकता है। एक ओर विपक्ष सरकार से परीक्षा प्रणाली और छात्रों पर हुई कार्रवाई को लेकर जवाब मांग रहा है, वहीं बीजेपी राहुल गांधी की विदेश यात्राओं और उनके बयानों को लेकर लगातार हमलावर है।
नोट: यह खबर बीजेपी सांसद निशिकांत दुबे द्वारा दिए गए सार्वजनिक बयानों और दावों पर आधारित है। इन आरोपों पर राहुल गांधी या कांग्रेस की आधिकारिक प्रतिक्रिया इस खबर लिखे जाने तक सामने नहीं आई है।


