
पटना: बिहार की सबसे चर्चित विधानसभा सीटों में शामिल बांकीपुर उपचुनाव अब पूरी तरह राजनीतिक प्रतिष्ठा की लड़ाई बन चुका है। भारतीय जनता पार्टी ने इस सीट से अभिषेक बंटी को उम्मीदवार बनाया है और अब चुनावी अभियान को धार देने के लिए पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन खुद पटना पहुंच रहे हैं। उनका यह दौरा केवल चुनाव प्रचार तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि उपचुनाव की रणनीति, संगठन की तैयारियों और एनडीए के चुनावी समीकरणों पर भी व्यापक मंथन होगा।
भाजपा के लिए प्रतिष्ठा की सीट
बांकीपुर विधानसभा सीट लंबे समय से भाजपा का मजबूत गढ़ रही है। इस सीट से नितिन नवीन लगातार कई बार विधायक चुने गए और उन्होंने क्षेत्र में पार्टी का मजबूत जनाधार तैयार किया। राज्यसभा सदस्य निर्वाचित होने के बाद उनके इस्तीफे से यह सीट रिक्त हुई, जिसके बाद 30 जुलाई को उपचुनाव कराया जा रहा है।
त्रिकोणीय मुकाबले ने बढ़ाई दिलचस्पी
इस बार बांकीपुर का चुनाव बेहद रोचक माना जा रहा है। भाजपा ने युवा नेता अभिषेक बंटी पर भरोसा जताया है, जबकि राष्ट्रीय जनता दल ने रेखा गुप्ता को उम्मीदवार बनाया है। वहीं जन सुराज के संस्थापक प्रशांत किशोर पहली बार चुनावी मैदान में उतरकर मुकाबले को पूरी तरह त्रिकोणीय बना चुके हैं।
यही कारण है कि इस उपचुनाव पर पूरे बिहार की राजनीतिक निगाहें टिकी हुई हैं।
9 जुलाई से दो दिवसीय बिहार दौरे पर नितिन नवीन
भाजपा नेतृत्व इस सीट को हर हाल में अपने कब्जे में बनाए रखना चाहता है। इसी रणनीति के तहत पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन 9 जुलाई से दो दिवसीय बिहार दौरे पर पटना पहुंचेंगे। उपचुनाव की घोषणा के बाद यह उनका पहला बिहार दौरा होगा, जिसे संगठन और चुनाव दोनों की दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
महावीर मंदिर में दर्शन, फिर चुनावी अभियान
सूत्रों के अनुसार, पटना पहुंचने के बाद नितिन नवीन सबसे पहले महावीर मंदिर में पूजा-अर्चना करेंगे। इसके बाद वे बांकीपुर विधानसभा क्षेत्र में आयोजित विभिन्न कार्यक्रमों में भाग लेंगे।
भाजपा प्रत्याशी अभिषेक बंटी के समर्थन में आयोजित जनसभा में उनके शामिल होने की संभावना है। साथ ही नामांकन कार्यक्रम में भी उनकी मौजूदगी तय मानी जा रही है, जिससे कार्यकर्ताओं का उत्साह बढ़ाने का प्रयास किया जाएगा।
चुनावी रणनीति पर होगी अहम बैठक
दौरे के दौरान भाजपा अध्यक्ष राज्य के वरिष्ठ नेताओं और संगठन पदाधिकारियों के साथ कई महत्वपूर्ण बैठकों में हिस्सा लेंगे। इन बैठकों में—
- बांकीपुर उपचुनाव की रणनीति,
- बूथ स्तर की तैयारियां,
- चुनाव प्रचार अभियान,
- विपक्ष की रणनीति का जवाब,
- तथा आगामी चुनावों की तैयारी
जैसे मुद्दों पर विस्तार से चर्चा होगी।
10 जुलाई को एनडीए जिला अध्यक्षों की बैठक
10 जुलाई को मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के सरकारी आवास पर एनडीए के जिला अध्यक्षों की अहम बैठक प्रस्तावित है। माना जा रहा है कि नितिन नवीन भी इसमें शामिल होंगे।
बैठक में संगठन को और मजबूत बनाने, कार्यकर्ताओं के बीच समन्वय बढ़ाने तथा चुनावी तैयारियों की समीक्षा की जाएगी। इसके बाद भाजपा अध्यक्ष पटना से वापस रवाना होंगे।
बांकीपुर बना बिहार की राजनीति का शक्ति परीक्षण
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि बांकीपुर उपचुनाव अब केवल एक विधानसभा सीट का चुनाव नहीं रह गया है, बल्कि यह बिहार की राजनीति का बड़ा शक्ति परीक्षण बन चुका है।
एक ओर भाजपा अपने पारंपरिक गढ़ को बचाने की चुनौती का सामना कर रही है, वहीं राजद इस सीट पर अपनी राजनीतिक पकड़ मजबूत करने की कोशिश में है। दूसरी तरफ प्रशांत किशोर की एंट्री ने मुकाबले को और अधिक दिलचस्प बना दिया है।
अब सबकी निगाहें 30 जुलाई को होने वाले मतदान और उससे पहले चलने वाले चुनाव प्रचार पर टिकी हैं। भाजपा नेतृत्व की लगातार सक्रियता यह संकेत दे रही है कि पार्टी इस सीट को लेकर कोई जोखिम लेने के मूड में नहीं है और जीत सुनिश्चित करने के लिए पूरी ताकत झोंक चुकी है।


