
ज्ञान बिंदु GS एकेडमी के निदेशक रौशन आनंद के भाई प्रिंस यादव की नेपाल में हुई संदिग्ध मौत के बाद रविवार देर शाम उनका पार्थिव शरीर सुपौल स्थित पैतृक गांव पहुंचा। शव के घर पहुंचते ही परिवार में कोहराम मच गया। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और पूरे गांव में शोक का माहौल पसरा हुआ है।
जानकारी के अनुसार, प्रिंस यादव की रविवार सुबह नेपाल में संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी। घटना की खबर मिलते ही परिवार के लोग नेपाल पहुंचे और आवश्यक प्रक्रिया पूरी करने के बाद रविवार देर शाम उनका पार्थिव शरीर गांव लेकर आए।
शव के गांव पहुंचते ही अंतिम दर्शन के लिए लोगों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। जैसे ही परिजनों ने प्रिंस यादव का शव देखा, वे फूट-फूट कर रोने लगे। परिवार के सदस्यों की आंखों से आंसू थमने का नाम नहीं ले रहे थे। गांव के लोगों और रिश्तेदारों ने भी गहरी संवेदना व्यक्त की।
गौरतलब है कि 2 जून को पटना में हुए चर्चित कोचिंग विवाद मामले में ज्ञान बिंदु GS एकेडमी के निदेशक रौशन आनंद और उनके भाई प्रिंस यादव का नाम भी सामने आया था। मामले में एफआईआर दर्ज होने के बाद रौशन आनंद को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया था, जबकि प्रिंस यादव नेपाल चले गए थे।
इसी दौरान नेपाल में उनकी संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई, जिसके बाद इस मामले ने नया मोड़ ले लिया है। घटना को लेकर कई तरह की चर्चाएं हो रही हैं और परिजन मामले की निष्पक्ष जांच की मांग कर रहे हैं।
सूत्रों के अनुसार, घटना के समय होटल में प्रिंस यादव के साथ मौजूद युवकों को नेपाल पुलिस ने हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। पुलिस मौत के कारणों का पता लगाने के लिए हर पहलू की जांच कर रही है।
फिलहाल नेपाल पुलिस पूरे मामले की तफ्तीश में जुटी हुई है। मौत किन परिस्थितियों में हुई, इसके पीछे कोई साजिश थी या नहीं, इस संबंध में आधिकारिक जांच रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है। वहीं प्रिंस यादव की मौत से सुपौल समेत पूरे इलाके में शोक और चर्चा का माहौल बना हुआ है।


