
Mukesh Sahani ने उत्तर प्रदेश के Azamgarh में आयोजित प्रेस वार्ता के दौरान बड़ा राजनीतिक और सामाजिक ऐलान किया। उन्होंने कहा कि वह पूरे प्रदेश का दौरा कर संगठन की समीक्षा कर रहे हैं और आने वाले समय में उत्तर प्रदेश में बड़ा सामाजिक आंदोलन खड़ा किया जाएगा।
मुकेश सहनी ने घोषणा की कि 25 जुलाई 2026 से Vikassheel Insaan Party की ओर से 101 दिनों की “संकल्प यात्रा” निकाली जाएगी। यह यात्रा प्रदेश के 70 से 75 जिलों में जाएगी और निषाद समाज के अधिकारों तथा आरक्षण के मुद्दे को लेकर जनजागरण अभियान चलाया जाएगा।
प्रेस वार्ता के दौरान सहनी ने कहा कि निषाद समाज को आरक्षण दिलाने के लिए वर्षों से संघर्ष किया जा रहा है, लेकिन Sanjay Nishad ने भाजपा के साथ गठबंधन कर समाज के आंदोलन को कमजोर कर दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि यदि उस समय समाज एकजुट रहता तो आज निषाद समाज के युवाओं को आरक्षण और बेहतर अवसर मिल चुके होते।
उन्होंने कहा कि वीआईपी पार्टी “आरक्षण नहीं तो वोट नहीं” के नारे के साथ पूरे प्रदेश में अभियान चलाएगी। यात्रा के दौरान निषाद समाज के लोग हाथ में गंगाजल लेकर यह संकल्प लेंगे कि यदि 2027 से पहले भाजपा सरकार आरक्षण नहीं देती है तो उसे वोट नहीं दिया जाएगा।
मुकेश सहनी ने कहा कि उनकी लड़ाई पूरी तरह सामाजिक है और फिलहाल वह कोई राजनीतिक फैसला नहीं ले रहे हैं। हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि यदि भाजपा सरकार आरक्षण नहीं देती है तो वह इंडिया ब्लॉक के साथ मिलकर लड़ाई लड़ेंगे।
उन्होंने कहा कि उनकी इच्छा है कि 2029 में Rahul Gandhi के नेतृत्व में केंद्र में सरकार बने, ताकि जाति आधारित गणना और हिस्सेदारी की लड़ाई को पूरा किया जा सके।
प्रेस वार्ता के दौरान सहनी ने उत्तर प्रदेश सरकार पर भेदभावपूर्ण राजनीति करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि प्रदेश में गरीब, पिछड़े और दलित वर्गों के साथ अन्याय हो रहा है तथा सरकार धर्म और वोट बैंक की राजनीति कर रही है।
उन्होंने दावा किया कि देश और प्रदेश का युवा अब जाग चुका है और आने वाले समय में बड़ा राजनीतिक बदलाव देखने को मिलेगा।



