
बिहार में नई सरकार बनने के बाद अल्पसंख्यक समुदाय के बीच उठ रहे सवालों पर अब स्थिति साफ होती नजर आ रही है। जेडीयू ने साफ किया है कि सम्राट चौधरी के नेतृत्व वाली सरकार भी “सर्वधर्म समभाव” की नीति पर ही काम करेगी और मुसलमानों की सुरक्षा पूरी तरह सुनिश्चित की जाएगी।
डिप्टी सीएम का बड़ा बयान
विजय कुमार चौधरी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि भले ही सरकार का नेतृत्व अब सम्राट चौधरी कर रहे हैं, लेकिन इसकी कार्यशैली और दिशा नीतीश कुमार द्वारा तय किए गए रास्ते पर ही आगे बढ़ रही है।
उन्होंने जोर देकर कहा कि सरकार “3C”—क्राइम, करप्शन और कम्युनलिज्म—पर जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाए हुए है।
अल्पसंख्यकों को संदेश
सरकार ने साफ किया कि सांप्रदायिकता के मुद्दे पर कोई समझौता नहीं होगा और पहले की तरह सभी धर्मों के साथ समान व्यवहार जारी रहेगा। इससे अल्पसंख्यक समुदाय में बने संशय को दूर करने की कोशिश की गई है।
विपक्ष पर निशाना
विजय चौधरी ने विपक्ष पर आरोप लगाया कि पहले की सरकारों ने अल्पसंख्यकों के नाम पर सिर्फ माहौल बनाया, लेकिन ठोस काम नहीं किया।
उन्होंने नागरिकता संशोधन कानून (CAA) का जिक्र करते हुए कहा कि इसे लेकर देश में बेवजह डर फैलाया गया, जबकि अब तक किसी की नागरिकता नहीं गई है।
टोपी विवाद पर तंज
मुख्यमंत्री के जनता दरबार में टोपी नहीं पहनने के मुद्दे पर उन्होंने व्यंग्य करते हुए कहा कि अगर टोपी से सरकार का कामकाज तय होता है, तो “हमें भी 2-4 टोपी पहना दीजिए।”
नेतृत्व पर भी सफाई
सरकार के नेतृत्व को लेकर उठ रहे सवालों पर विजय चौधरी ने कहा कि जनता ने वोट नीतीश कुमार के नाम पर ही दिया था, और सम्राट चौधरी भी मानते हैं कि सरकार उनके मार्गदर्शन में आगे बढ़ रही है।
कुल मिलाकर, नई सरकार ने साफ संकेत दे दिया है कि बिहार में नीतियों की निरंतरता बनी रहेगी और अल्पसंख्यकों को लेकर कोई बदलाव नहीं किया जाएगा।


