मालदा मंडल में स्वच्छता अभियान को मिली नई रफ्तार, भागलपुर और जमालपुर स्टेशनों पर चला विशेष जागरूकता अभियान

पूर्व रेलवे के मालदा मंडल द्वारा चलाया जा रहा माहव्यापी स्वच्छता जागरूकता अभियान अब और तेज गति पकड़ चुका है। इस अभियान के तहत विभिन्न रेलवे स्टेशनों पर न केवल सफाई व्यवस्था को सुदृढ़ किया जा रहा है, बल्कि यात्रियों के बीच स्वच्छता को लेकर जागरूकता भी बढ़ाई जा रही है। इसी क्रम में 27 अप्रैल 2026 को भागलपुर और जमालपुर रेलवे स्टेशनों पर विशेष कार्यक्रम आयोजित किए गए, जिनका उद्देश्य यात्रियों और रेलवे कर्मियों को स्वच्छता के प्रति जिम्मेदार बनाना था।

यह अभियान मंडल रेल प्रबंधक, मालदा, श्री मनीष कुमार गुप्ता के मार्गदर्शन और वरिष्ठ मंडल यांत्रिक अभियंता (EnHM), मालदा, श्री प्रदीप दास के पर्यवेक्षण में संचालित किया जा रहा है। रेलवे प्रशासन का मानना है कि स्वच्छता केवल एक जिम्मेदारी नहीं, बल्कि एक सतत आदत होनी चाहिए, जिसे हर यात्री और कर्मचारी अपने दैनिक व्यवहार का हिस्सा बनाए।

भागलपुर रेलवे स्टेशन पर इस अभियान के तहत एक व्यापक जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में स्वास्थ्य निरीक्षकों और रेलवे अधिकारियों ने मिलकर यात्रियों को स्वच्छता के महत्व के बारे में बताया। यात्रियों को यह समझाया गया कि स्टेशन परिसर, ट्रेन और आसपास के क्षेत्रों को साफ रखना न केवल रेलवे की जिम्मेदारी है, बल्कि हर नागरिक का कर्तव्य भी है।

इसी दिन ट्रेन संख्या 12367 विक्रमशिला एक्सप्रेस में ऑनबोर्ड जागरूकता अभियान भी चलाया गया। इस अभियान के दौरान स्लीपर कोच में यात्रा कर रहे लगभग 200 यात्रियों को स्वच्छता से जुड़े व्यवहार अपनाने के लिए प्रेरित किया गया। यात्रियों को कचरा डस्टबिन में डालने, प्लास्टिक के उपयोग को कम करने और सफाई बनाए रखने के लिए प्रोत्साहित किया गया। साथ ही उन्हें स्वास्थ्य और स्वच्छता से संबंधित पंपलेट भी वितरित किए गए, जिनमें साफ-सफाई के महत्व और उससे होने वाले लाभों की जानकारी दी गई थी।

जमालपुर रेलवे स्टेशन पर भी स्वच्छता अभियान को विशेष रूप से लागू किया गया। स्टेशन के एप्रोच एरिया में सफाई अभियान चलाकर वहां जमा कचरे और प्लास्टिक अपशिष्ट को हटाया गया। इस दौरान रेलवे कर्मियों ने मिलकर स्टेशन परिसर को साफ-सुथरा बनाने में सक्रिय भूमिका निभाई। रेलवे प्रशासन ने यह सुनिश्चित किया कि स्टेशन के प्रवेश द्वार, प्लेटफॉर्म और आसपास के क्षेत्रों में स्वच्छता का उच्च स्तर बना रहे।

इसके अलावा, ट्रेन संख्या 20508 सैरांग राजधानी एक्सप्रेस में भी ऑनबोर्ड जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम में मुख्य स्वास्थ्य निरीक्षकों और अन्य अधिकारियों ने पैंट्री कार के कर्मचारियों को विशेष रूप से स्वच्छता बनाए रखने के लिए निर्देशित किया। उन्हें बताया गया कि ट्रेन के भीतर और ट्रैक पर कचरा फेंकना न केवल पर्यावरण के लिए हानिकारक है, बल्कि यह यात्रियों के स्वास्थ्य पर भी नकारात्मक प्रभाव डालता है।

पैंट्री कार कर्मचारियों को यह भी समझाया गया कि भोजन तैयार करने और परोसने के दौरान साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखना चाहिए। इससे न केवल यात्रियों को सुरक्षित और स्वच्छ भोजन मिलेगा, बल्कि रेलवे की छवि भी बेहतर होगी। इस पहल का उद्देश्य ट्रेन के भीतर स्वच्छता के स्तर को और ऊंचा उठाना है।

पूरे अभियान के दौरान रेलवे कर्मियों ने स्टेशन परिसर, ट्रैक क्षेत्र और आसपास के इलाकों में व्यापक सफाई अभियान चलाया। प्लास्टिक कचरे, गंदगी और अन्य अवांछित सामग्री को एकत्र कर हटाया गया। विशेष रूप से ट्रैक क्षेत्र की सफाई पर ध्यान दिया गया, क्योंकि यहां जमा कचरा न केवल पर्यावरण को नुकसान पहुंचाता है, बल्कि रेल संचालन में भी बाधा उत्पन्न कर सकता है।

रेलवे अधिकारियों ने बताया कि स्वच्छता अभियान को सफल बनाने के लिए केवल सफाई करना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि लोगों के व्यवहार में बदलाव लाना भी जरूरी है। इसलिए इस अभियान में जागरूकता कार्यक्रमों को विशेष महत्व दिया जा रहा है, ताकि लोग स्वयं स्वच्छता के प्रति सजग बनें और अपने आसपास के वातावरण को साफ रखने में सहयोग करें।

मालदा मंडल का यह अभियान ‘स्वच्छ रेलवे, स्वस्थ भारत’ के लक्ष्य को साकार करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। रेलवे प्रशासन का मानना है कि यदि यात्रियों और कर्मचारियों का सहयोग मिले, तो स्टेशन और ट्रेन दोनों को स्वच्छ और सुरक्षित बनाया जा सकता है।

इस प्रकार के अभियान न केवल रेलवे परिसरों को साफ रखने में मदद करते हैं, बल्कि पर्यावरण संरक्षण में भी महत्वपूर्ण योगदान देते हैं। प्लास्टिक कचरे को हटाने और स्वच्छता बनाए रखने से प्रदूषण कम होता है और प्राकृतिक संसाधनों की रक्षा होती है।

अंततः, भागलपुर और जमालपुर स्टेशनों पर आयोजित यह स्वच्छता अभियान यह दर्शाता है कि रेलवे केवल यातायात सुविधा प्रदान करने तक सीमित नहीं है, बल्कि वह सामाजिक और पर्यावरणीय जिम्मेदारियों को भी गंभीरता से निभा रहा है। आने वाले दिनों में भी मालदा मंडल इस तरह के अभियानों को जारी रखेगा, ताकि यात्रियों को स्वच्छ, सुरक्षित और सुविधाजनक यात्रा का अनुभव मिल सके।

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