
पटना: राजधानी पटना में कच्ची दरगाह से बिदुपुर को जोड़ने वाला बहुप्रतीक्षित छह लेन गंगा पुल अगले माह के अंत तक आम आवागमन के लिए खोल दिया जाएगा। इसके शुरू होने के बाद राष्ट्रीय उच्च पथ-31 सीधे हाजीपुर-समस्तीपुर रोड से जुड़ जाएगा, जिससे उत्तर और दक्षिण बिहार के बीच सीधा और तेज संपर्क स्थापित हो सकेगा।
रविवार को इस पुल का अंतिम स्पैन (सेगमेंट लॉन्चिंग) सफलतापूर्वक पूरा कर लिया गया, जिसके साथ निर्माण कार्य लगभग पूर्णता की ओर पहुंच गया है। यह पुल 9.75 किलोमीटर लंबा है, जबकि संपर्क पथों को मिलाकर इसकी कुल लंबाई 19.5 किलोमीटर होगी।
इस अवसर पर बिहार राज्य सड़क विकास निगम लिमिटेड (BSRDCL) के प्रबंध निदेशक शीर्षत कपिल अशोक, मुख्य महाप्रबंधक बबलू कुमार, महाप्रबंधक आशुतोष कुमार सिंह सहित कई वरिष्ठ अभियंता मौजूद रहे और पूरी प्रक्रिया का निरीक्षण किया।
अधिकारियों के अनुसार, यह पुल आधुनिक “एक्स्ट्रा डॉज़्ड केबल स्टे ब्रिज” तकनीक पर आधारित है, जिसे इंजीनियरिंग का एक उन्नत उदाहरण माना जा रहा है। प्रबंध निदेशक ने निर्माण कार्य से जुड़े अभियंताओं और एजेंसी की सराहना करते हुए गुणवत्ता पर संतोष व्यक्त किया।
परियोजना के तहत पुल को मई 2026 के अंत तक पूरी तरह यातायात के लिए तैयार करने का लक्ष्य रखा गया है। 32 मीटर चौड़े इस पुल पर वाहन 100 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चल सकेंगे, जिससे यात्रा समय में उल्लेखनीय कमी आएगी।
यह परियोजना बिहार के सड़क नेटवर्क में एक महत्वपूर्ण बदलाव मानी जा रही है। इसके निर्माण के लिए एशियाई विकास बैंक से लगभग 3000 करोड़ रुपये का ऋण लिया गया है, जबकि करीब 2000 करोड़ रुपये राज्य सरकार ने अपने संसाधनों से खर्च किए हैं।


