
बिहार में अंचल अधिकारी (CO) और राजस्व अधिकारी (RO) की हड़ताल के दौरान काम कर रहे अधिकारियों को धमकाने वाले संघ नेताओं के खिलाफ राज्य सरकार ने सख्त कदम उठाया है। राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग ने स्पष्ट कर दिया है कि धमकी देने वालों के खिलाफ तत्काल कानूनी कार्रवाई होगी।
संघ नेताओं के खिलाफ युद्ध स्तर पर कार्रवाई
राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग के प्रधान सचिव सी.के. अनिल ने सभी जिलाधिकारियों (DM) को आदेश दिया है कि जो भी संघ नेता या पदाधिकारी कार्यरत अधिकारियों को धमका रहे हैं, उनके खिलाफ तुरंत प्राथमिकी (FIR) दर्ज की जाए।
WhatsApp और सोशल मीडिया धमकियों पर रोक
सूचना के अनुसार, हड़ताली अधिकारी अपने साथियों को WhatsApp कॉल और सोशल मीडिया के जरिए धमका रहे थे। ‘Naming & Shaming’ के माध्यम से मानसिक प्रताड़ना दी जा रही थी और सरकारी कार्य में बाधा डाली जा रही थी। सरकार ने इसे न केवल सेवा आचार संहिता का उल्लंघन माना है, बल्कि यह स्पष्ट रूप से आपराधिक कृत्य भी है।
किस धाराओं के तहत होगी कार्रवाई
अराजकता फैलाने वाले पदाधिकारियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS), 2023 की धारा 132, 351, 352, 126, 127, 349, 350 और 195 के तहत मुकदमा दर्ज किया जाएगा। इसके अलावा, IT Act, 2000 की धारा 67 के तहत भी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
हड़ताल से टूट रहा संघ का मनोबल
सरकारी आंकड़ों के अनुसार, आदेश जारी होने के बाद अब तक 24 अधिकारी अपनी ड्यूटी पर लौट चुके हैं। विभाग ने कार्यरत अधिकारियों को अतिरिक्त जिम्मेदारी देने के साथ-साथ सभी जिलाधिकारियों को कड़ी निगरानी और कार्रवाई की रिपोर्ट विभाग को देने का निर्देश दिया है।


