
समाचार के मुख्य बिंदु: कोसी-सीमांचल और पूर्वी बिहार में कुदरत की करवट
- बड़ी चेतावनी: भागलपुर, पूर्णिया और सुपौल समेत पूर्वी बिहार में अगले 48 घंटों के भीतर मौसम में बड़े बदलाव की संभावना।
- हवा की रफ्तार: शुक्रवार (27 मार्च) को भागलपुर और पूर्णिया में 50 से 60 किमी प्रतिघंटे की रफ्तार से चल सकती है विनाशकारी धूल भरी आंधी।
- बारिश का अनुमान: आंधी के साथ हल्की बारिश या बूंदाबांदी के आसार; सुपौल में 26 से 28 मार्च के बीच सक्रिय रहेगा सिस्टम।
- तापमान में गिरावट: आंधी-बारिश के कारण दिन का पारा गिरेगा, जिससे गर्मी से राहत मिलेगी और रात में हल्की सिहरन महसूस होगी।
- वैज्ञानिक स्रोत: बिहार कृषि विश्वविद्यालय (BAU), सबौर के मौसम वैज्ञानिक डॉ. बीरेंद्र कुमार ने जारी किया पूर्वानुमान।
- VOB इनसाइट: एक सप्ताह की तपिश के बाद यह बदलाव आम लोगों को राहत तो देगा, लेकिन तेज हवाएं आम की टिकोलों और रबी की कटी फसलों के लिए चुनौती बन सकती हैं।
भागलपुर | 26 मार्च, 2026
पूर्वी बिहार और कोसी-सीमांचल के जिलों में पिछले एक सप्ताह से जारी चिलचिलाती धूप और गर्मी पर अब ‘ब्रेक’ लगने वाला है। बिहार कृषि विश्वविद्यालय, सबौर के मौसम विभाग ने आने वाले दो से तीन दिनों के लिए मौसम का विशेष बुलेटिन जारी किया है। ‘द वॉयस ऑफ बिहार’ (VOB) की विशेष रिपोर्ट के अनुसार, शुक्रवार और शनिवार को भागलपुर और आसपास के जिलों में कुदरत का कड़ा रुख देखने को मिल सकता है, जहाँ धूल भरी आंधी और गरज के साथ बौछारें पड़ने की पूरी संभावना है।
शुक्रवार को ‘पीक’ पर रहेगा आंधी का असर: 60 किमी की रफ्तार
मौसम वैज्ञानिक डॉ. बीरेंद्र कुमार के अनुमानों के मुताबिक, भागलपुर और पूर्णिया जिले में शुक्रवार (27 मार्च) का दिन काफी हलचल भरा रहेगा।
- धूल भरी आंधी: शुक्रवार को हवा की औसत रफ्तार 50 से 60 किमी प्रतिघंटे रहने की उम्मीद है। यह धूल भरी आंधी दृश्यता (Visibility) को कम कर सकती है और कच्चे मकानों या पेड़ों को नुकसान पहुँचा सकती है।
- शनिवार का हाल: शनिवार (28 मार्च) को आंधी की रफ्तार थोड़ी कम होकर 40 से 50 किमी प्रतिघंटे के आसपास रहेगी।
- बूंदाबांदी: आंधी के साथ-साथ इन दोनों जिलों के कुछ हिस्सों में हल्की बारिश या बूंदाबांदी भी हो सकती है, जिससे धूल बैठ जाएगी और मौसम सुहाना हो जाएगा।
सुपौल और सीमांचल: 28 मार्च तक बना रहेगा सिस्टम
कोसी क्षेत्र के सुपौल जिले में मौसम का बदलाव आज (26 मार्च) से ही दिखने लगेगा। वैज्ञानिकों के अनुसार, सुपौल में 26 से 28 मार्च के बीच रुक-रुक कर आंधी-तूफान और हल्की बारिश की स्थिति बनी रहेगी। सीमांचल के अन्य जिलों में भी बादलों की आवाजाही और तेज हवाओं का असर देखा जाएगा।
तापमान का खेल: दिन सुहाना, रात में सिहरन
इस मौसमी बदलाव का सबसे सकारात्मक पहलू तापमान में आने वाली गिरावट है। आंधी और हल्की बारिश के कारण दिन के अधिकतम तापमान में 3 से 5 डिग्री सेल्सियस की कमी आ सकती है। इससे दोपहर की तपिश कम होगी। वहीं, रात के समय ठंडी हवाओं के चलने से हल्की सिहरन का एहसास होगा, जो मार्च के आखिरी हफ्ते में लोगों को सुखद अहसास कराएगा।
VOB का नजरिया: किसान और आमजन बरतें सावधानी
’द वॉयस ऑफ बिहार’ (VOB) का मानना है कि यह मौसम का बदलाव जितना सुहाना है, उतना ही सतर्क रहने की भी जरूरत है।
- किसानों के लिए सलाह: इस समय भागलपुर और आसपास के क्षेत्रों में आम के पेड़ों में टिकोले (छोटे फल) लग रहे हैं। 60 किमी की रफ्तार वाली आंधी टिकोलों को भारी नुकसान पहुँचा सकती है। किसानों को चाहिए कि वे कृषि वैज्ञानिकों की सलाह के अनुसार पेड़ों के बचाव के उपाय करें।
- फसल सुरक्षा: जिन किसानों की गेहूं या अन्य रबी फसलें खलिहान में खुली पड़ी हैं, वे उन्हें सुरक्षित स्थान पर पहुँचा दें, क्योंकि आंधी और हल्की बारिश उन्हें गीला कर सकती है।
- आम नागरिक: आंधी के दौरान पेड़ों या जर्जर बिजली के खंभों के नीचे खड़े होने से बचें। धूल भरी आंधी के समय वाहन चलाते समय विशेष सावधानी बरतें।
सुहाने मौसम की ओर भागलपुर
कुल मिलाकर, भागलपुर के लोगों के लिए आने वाला वीकेंड राहत भरा होगा। हालांकि आंधी की रफ्तार डराने वाली हो सकती है, लेकिन इसके बाद होने वाली बारिश वातावरण को स्वच्छ और ठंडा कर देगी। ‘द वॉयस ऑफ बिहार’ मौसम विभाग द्वारा जारी होने वाले हर नए अपडेट और बिजली आपूर्ति पर इसके प्रभाव की जानकारी आप तक सबसे पहले पहुँचाता रहेगा।


