बटेश्वर स्थान में ‘काल’ बनी गंगा! नाना के अंतिम संस्कार में गए दो मौसेरे भाइयों की डूबने से मौत; एक साथ बुझ गए घरों के दो ‘होनहार’ चिराग

HIGHLIGHTS: पीरपैंती में मातम का ‘सन्नाटा’; गंगा स्नान के दौरान गहरे पानी में समा गए कृष्णा और आशीष

  • हृदयविदारक घटना: नाना के अंतिम संस्कार के बाद स्नान करते समय डूबे दो किशोर; पीरपैंती के दियारा क्षेत्र में पसरा मातम।
  • मृतकों की पहचान: मोहनपुर मधुबन टोला निवासी शिक्षक के पुत्र कृष्णा (14 वर्ष) और कहलगांव निवासी बैंक कैशियर के पुत्र आशीष (12 वर्ष)
  • दोहरा दुख: माताओं ने एक ही दिन अपने पिता (नाना) और अपने कलेजे के टुकड़ों को खोया; चीत्कारों से गूँज उठा इलाका।
  • होनहार छात्र: कृष्णा हाल ही में 8वीं की परीक्षा देकर 9वीं में जाने वाला था, जबकि आशीष अपने परिवार की सबसे बड़ी उम्मीद था।
  • VOB इनसाइट: बटेश्वर स्थान जैसे व्यस्त घाटों पर सुरक्षा और बैरिकेडिंग के अभाव ने फिर ली दो मासूम जानें।

पीरपैंती (भागलपुर) | 23 मार्च, 2026

​खुशियां बांटने वाले त्यौहार ‘बिहार दिवस’ के अगले ही दिन भागलपुर के पीरपैंती इलाके से एक ऐसी खबर आई है जिसने हर किसी की आँखें नम कर दी हैं। बटेश्वर स्थान स्थित गंगा घाट, जहाँ लोग मोक्ष की कामना लेकर आते हैं, वहां दो परिवारों की सारी खुशियां गंगा की लहरों में विलीन हो गईं। मौलटोला दियारा निवासी अर्जुन मंडल के निधन के बाद उनके दो नाती—कृष्णा और आशीष—अपने नाना को अंतिम विदाई देने आए थे, लेकिन नियति को कुछ और ही मंजूर था। ‘द वॉयस ऑफ बिहार’ (VOB) की ग्राउंड रिपोर्ट के अनुसार, यह हादसा केवल एक संयोग नहीं, बल्कि नदी की गहराई का अंदाजा न होने और सुरक्षा के अभाव का नतीजा है।

अंतिम विदाई बनी ‘खुद की विदाई’: गंगा की गोद में समा गए भाई

​रविवार की शाम जब बटेश्वर स्थान पर अर्जुन मंडल का अंतिम संस्कार संपन्न हुआ, तो परंपरा के अनुसार दोनों मौसेरे भाई, कृष्णा कुमार मंडल और आशीष कुमार, गंगा स्नान करने पानी में उतरे। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, नहाते समय दोनों का संतुलन बिगड़ा और वे अचानक गहरे पानी में चले गए। जब तक कोई कुछ समझ पाता या उन्हें बचाने की कोशिश करता, दोनों किशोर गंगा की तेज धारा में समा गए। देर शाम जब उनके शव बरामद हुए, तो पूरे क्षेत्र में कोहराम मच गया।

VOB डेटा चार्ट: पीरपैंती गंगा हादसे की दर्दनाक फाइल

  • पीड़ित 1: कृष्णा कुमार मंडल (14 वर्ष), पिता- तेजनारायण मंडल (शिक्षक), निवासी- मोहनपुर मधुबन टोला।
  • पीड़ित 2: आशीष कुमार (12 वर्ष), पिता- रामाशंकर मंडल (बैंक कैशियर), निवासी- कहलगांव (मूल निवासी- बाबूपुर)।
  • रिश्ता: दोनों आपस में मौसेरे भाई थे और दोनों के बीच गहरा स्नेह था।
  • शिक्षा: कृष्णा 8वीं का छात्र था और पढ़ाई में अत्यंत मेधावी; आशीष भी होनहार और मिलनसार था।
  • घटनास्थल: बटेश्वर स्थान गंगा घाट, पीरपैंती प्रखंड।
  • परिवार की स्थिति: कृष्णा तीन भाइयों में सबसे छोटा था, जबकि आशीष अपने तीन भाई-बहनों में सबसे बड़ा था।

माताओं का करुण विलाप: “पिता गए सो गए, लाल को क्यों छीना?”

​इस त्रासदी का सबसे मार्मिक पहलू यह है कि कृष्णा की मां नीता देवी और आशीष की मां अभी अपने पिता (अर्जुन मंडल) की मौत के सदमे से उबर भी नहीं पाई थीं कि उनके बेटों की मौत की खबर आ गई। गाँव के लोग बताते हैं कि दोनों बच्चे न केवल पढ़ाई में तेज थे, बल्कि व्यवहार में भी बहुत मृदुभाषी थे। शिक्षक तेजनारायण मंडल और बैंक कैशियर रामाशंकर मंडल के घर पर सांत्वना देने वालों की भारी भीड़ उमड़ रही है, लेकिन खोए हुए चिरागों की भरपाई शायद ही कोई कर पाए।

VOB का नजरिया: क्या ‘बटेश्वर स्थान’ पर सुरक्षा केवल कागजों पर है?

​’द वॉयस ऑफ बिहार’ (VOB) का मानना है कि ऐसे हादसों के लिए केवल ‘सावधानी’ को दोष देना काफी नहीं है।

  1. सुरक्षा के इंतजाम: बटेश्वर स्थान एक प्रसिद्ध तीर्थस्थल और श्मशान घाट है। यहाँ हजारों लोग प्रतिदिन आते हैं। क्या प्रशासन यहाँ ‘डेंजर जोन’ की मार्किंग और गोताखोरों की तैनाती स्थायी रूप से नहीं कर सकता?
  2. ग्रामीणों की जागरूकता: नदी के बढ़ते और घटते जलस्तर के दौरान गहराई का अंदाजा लगाना मुश्किल होता है। खासकर बच्चों को अकेले पानी में उतरने से रोकने के लिए घाटों पर सूचना पट्ट होने चाहिए।
  3. शिक्षा का नुकसान: बिहार ने दो ऐसे कुशाग्र बच्चों को खो दिया जो भविष्य में शिक्षक या बैंक अधिकारी बनकर प्रदेश की सेवा कर सकते थे।

निष्कर्ष: सुशासन से सुरक्षा की उम्मीद

​हादसे के बाद पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर आगे की प्रक्रिया शुरू कर दी है। ‘द वॉयस ऑफ बिहार’ ईश्वर से प्रार्थना करता है कि शोकाकुल परिवारों को यह असहनीय दुख सहने की शक्ति दे। जिला प्रशासन से हमारी अपील है कि मृतक के परिजनों को सरकारी आपदा कोष से तत्काल मुआवजा प्रदान किया जाए।

  • Related Posts

    बिहार में रफ्तार का कहर: मॉर्निंग वॉक पर निकले दंपति को पुलिस लिखी कार ने कुचला, मौके पर मौत

    बेगूसराय, 23 मार्च 2026: बिहार…

    Continue reading
    बिहार के सरकारी स्कूलों में बड़ा बदलाव: अप्रैल 2026 से कंप्यूटर शिक्षा अनिवार्य, परीक्षाएं भी होंगी आयोजित

    पटना, 23 मार्च 2026:बिहार के…

    Continue reading