होर्मुज में ट्रंप की ‘अग्निपरीक्षा’! 7 मित्र देशों ने युद्धपोत भेजने से मोड़ा मुंह; ईरान-इजरायल युद्ध से दहला मध्य पूर्व, दुबई एयरपोर्ट पर ड्रोन हमला

HIGHLIGHTS

  • ट्रंप अकेले पड़े: जर्मनी, इटली, स्पेन, ब्रिटेन, जापान और ऑस्ट्रेलिया ने होर्मुज में युद्धपोत भेजने की अमेरिकी अपील ठुकराई।
  • युद्ध का 17वां दिन: ईरान ने दुबई एयरपोर्ट को बनाया निशाना; इजरायल ने तेहरान के मेहराबाद एयरपोर्ट पर विमान उड़ाया।
  • चाबहार में हलचल: अमेरिका ने ईरानी सैन्य ठिकानों पर किया प्रहार; बेरूत में हिजबुल्ला के ठिकाने तबाह।
  • चीन की चेतावनी: अंतरराष्ट्रीय ऊर्जा बाजार पर संकट; बीजिंग ने कहा— “तुरंत रोकें सैन्य कार्रवाई।”

वॉशिंगटन/तेहरान | 17 मार्च, 2026

​होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) में गहराते वैश्विक संकट के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप कूटनीतिक मोर्चे पर अलग-थलग पड़ते नजर आ रहे हैं। इस रणनीतिक मार्ग को सुरक्षित करने के लिए ट्रंप ने जिन ‘मित्र देशों’ से सैन्य मदद मांगी थी, उन्होंने एक सुर में इसे “हमारा युद्ध नहीं है” कहकर ठुकरा दिया है।

“अपनों” ने छोड़ा साथ: ट्रंप की बढ़ी मुश्किल

​ट्रंप की अपील को करारा झटका देते हुए यूरोपीय और एशियाई सहयोगियों ने हाथ पीछे खींच लिए हैं:

  • इनकार करने वाले देश: जर्मनी, इटली, स्पेन, ब्रिटेन, जापान और ऑस्ट्रेलिया ने युद्धपोत भेजने से साफ मना कर दिया है।
  • तर्क: इन देशों का कहना है कि वे किसी भी सैन्य टकराव का हिस्सा बनकर अपनी सेना को जोखिम में नहीं डालना चाहते।
  • समीक्षा में दक्षिण कोरिया: केवल दक्षिण कोरिया ने फिलहाल ‘विचार’ करने की बात कही है, जबकि अन्य सहयोगियों ने कड़ा स्टैंड लिया है।

बैटलफील्ड अपडेट: जल, थल और नभ में मची तबाही

​मध्य पूर्व में जारी जंग के 17वें दिन हिंसा का दायरा खतरनाक स्तर पर पहुंच गया है:

  1. दुबई एयरपोर्ट पर हमला: ईरान ने दुबई हवाई अड्डे पर ड्रोन हमला किया, जिससे वहां भीषण आग लग गई और सभी उड़ानें रद्द करनी पड़ीं।
  2. तेहरान में इजरायली प्रहार: इजरायली वायुसेना ने तेहरान के मेहराबाद एयरपोर्ट पर एक विमान को निशाना बनाया। दावा किया जा रहा है कि इस विमान का इस्तेमाल सर्वोच्च नेता अली खामेनेई करते थे।
  3. अमेरिकी स्ट्राइक: अमेरिका ने कथित तौर पर चाबहार के पास ईरानी सैन्य ठिकानों को ध्वस्त किया है।
  4. लेबनान में तबाही: बेरूत में हिजबुल्ला के ठिकानों पर इजरायल ने भारी बमबारी कर उन्हें तबाह करने का दावा किया है।

चीन की एंट्री: “ऊर्जा संकट की दहलीज पर दुनिया”

​चीनी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता लिन जियान ने वैश्विक समुदाय को आगाह किया है कि होर्मुज में तनाव ने अंतरराष्ट्रीय ऊर्जा आपूर्ति श्रृंखला (Energy Supply Chain) को हिला दिया है। चीन ने सभी पक्षों से तुरंत युद्ध विराम की अपील की है ताकि वैश्विक अर्थव्यवस्था को बड़े नुकसान से बचाया जा सके।

VOB का नजरिया: क्या ‘अकेला’ पड़ गया है सुपरपावर?

​’द वॉयस ऑफ बिहार’ का मानना है कि ट्रंप की ‘अमेरिका फर्स्ट’ नीति अब ‘अमेरिका अलोन’ (America Alone) में बदलती दिख रही है। अगर होर्मुज का रास्ता बंद होता है, तो इसका सबसे बुरा असर भारत जैसे देशों पर पड़ेगा जो तेल आयात के लिए इसी मार्ग पर निर्भर हैं। सहयोगियों का पीछे हटना यह संकेत देता है कि दुनिया अब अमेरिका के नेतृत्व वाले ‘अंधे युद्धों’ में शामिल होने को तैयार नहीं है। क्या ट्रंप बिना ‘दोस्तों’ के ईरान की चुनौती का सामना कर पाएंगे? यह आने वाले कुछ दिन तय करेंगे।

  • ये भी पढ़े..

    डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के बलिदान दिवस पर श्रद्धांजलि, अगले वर्ष उनके नाम पर बनेगा भव्य पार्क

    Share Add as a preferred…