पटना: राजधानी पटना के गोपालपुर थाना क्षेत्र के शाहपुर गांव में हुए दोहरे हत्याकांड का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। जांच में सामने आया है कि दो सगे भाइयों की हत्या के पीछे पुस्तैनी जमीन का बड़ा विवाद था। करीब 6 बीघा जमीन, जिसकी बाजार कीमत लगभग 72 करोड़ रुपये बताई जा रही है, उसी को लेकर रची गई साजिश में दोनों भाइयों की जान ले ली गई।
यह सनसनीखेज वारदात 22 फरवरी 2026 की रात उस समय हुई थी, जब शाहपुर गांव में एक शादी समारोह के बाद रिसेप्शन पार्टी चल रही थी। गांव में खुशियों का माहौल था और बड़ी संख्या में लोग समारोह में शामिल हुए थे। इसी दौरान अचानक गोलियों की तड़तड़ाहट से पूरा इलाका दहल उठा और दो सगे भाइयों—मनोज कुमार और संजीत कुमार—को निशाना बनाकर गोली मार दी गई। दोनों गंभीर रूप से घायल हो गए और बाद में उनकी मौत हो गई। इस घटना ने इलाके में सनसनी फैला दी थी।
जमीन के लालच में रची गई साजिश
पटना पूर्वी के पुलिस अधीक्षक परिचय कुमार ने मामले का खुलासा करते हुए बताया कि हत्या की मुख्य वजह पारिवारिक जमीन को लेकर चल रहा विवाद था। जानकारी के अनुसार, परिवार की लगभग 6 बीघा जमीन की कीमत वर्तमान बाजार में करीब 72 करोड़ रुपये आंकी जा रही है। इसी जमीन के बंटवारे और नियंत्रण को लेकर परिवार के कुछ सदस्यों के बीच लंबे समय से तनाव चल रहा था।
पुलिस के अनुसार, इसी विवाद के चलते हत्या की साजिश रची गई और समारोह के दौरान मौका देखकर दोनों भाइयों पर गोलियां चला दी गईं।
एसआईटी ने तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर पकड़े आरोपी
घटना के बाद पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए नगर पुलिस अधीक्षक (पूर्वी) के नेतृत्व में एक विशेष जांच टीम (SIT) का गठन किया। टीम में अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी रंजन कुमार समेत कई अनुभवी अधिकारी शामिल किए गए।
जांच के दौरान तकनीकी साक्ष्यों और स्थानीय सूचना तंत्र की मदद से पुलिस को अहम सुराग मिले। इसके आधार पर भोजपुर जिले के कोइलवर इलाके में छापेमारी की गई, जहां से दो नामजद आरोपियों—अमरजीत कुमार (22) और चंदन कुमार उर्फ चन्ना (21)—को गिरफ्तार कर लिया गया।
हथियार और कारतूस भी बरामद
गिरफ्तार आरोपियों के पास से पुलिस ने हत्या में इस्तेमाल किए गए हथियार भी बरामद किए हैं। पुलिस को इनके पास से .315 बोर के दो देसी कट्टे और चार जिंदा कारतूस मिले हैं। पुलिस का मानना है कि इसी हथियार का इस्तेमाल कर दोनों भाइयों की हत्या की गई थी।
पांच आरोपी अब भी फरार
पुलिस के मुताबिक, इस मामले में कुल सात लोगों को नामजद किया गया है। इनमें से दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है, जबकि बाकी पांच आरोपी अभी फरार हैं। उनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार अलग-अलग जगहों पर छापेमारी कर रही है।
परिवार के अंदर ही हुई खतरनाक साजिश
पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि जमीन को लेकर परिवार के भीतर ही लंबे समय से विवाद चल रहा था। धीरे-धीरे यह विवाद इतना बढ़ गया कि कुछ लोगों ने अपने ही रिश्तेदारों की हत्या की साजिश रच डाली।
पुलिस अब गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ कर यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि इस पूरी साजिश में और कौन-कौन लोग शामिल थे और हत्या की योजना कैसे बनाई गई।
इस घटना ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि जमीन और संपत्ति के लालच में किस तरह रिश्तों की मर्यादा टूट रही है। फिलहाल पुलिस फरार आरोपियों की तलाश में जुटी है और जल्द ही सभी को गिरफ्तार करने का दावा कर रही है।


