बक्सर | 15 मार्च 2026 बिहार की राजनीति में एक बार फिर बयानबाजी तेज हो गई है। जन सुराज अभियान के सूत्रधार ने मुख्यमंत्री के राज्यसभा जाने को लेकर तीखा हमला बोला है। बक्सर में आयोजित मीडिया ब्रीफिंग के दौरान उन्होंने कहा कि यह मुख्यमंत्री की लोकप्रियता का परिणाम नहीं है, बल्कि एक “मैन्युफैक्चर्ड रिजल्ट” का असर है।
प्रशांत किशोर ने कहा कि बिहार की जनता अच्छी तरह समझ रही है कि राज्य की राजनीति किस दिशा में जा रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि राज्यसभा जाने की पूरी प्रक्रिया राजनीतिक समीकरणों और सत्ता की रणनीति का हिस्सा है, न कि जनता के समर्थन का प्रतिबिंब।
मीडिया से बातचीत में उन्होंने यह भी कहा कि आने वाले समय में बिहार की राजनीति में बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है। उनके अनुसार, यदि वर्तमान राजनीतिक स्थिति इसी तरह बनी रहती है तो राज्य की नीतिगत फैसलों पर स्थानीय नेतृत्व की भूमिका कमजोर पड़ सकती है।
प्रशांत किशोर ने केंद्र की सत्ताधारी पार्टी पर भी निशाना साधते हुए कहा कि अब बिहार की सरकार पर दिल्ली से प्रभाव बढ़ता जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि आने वाले समय में बिहार की सरकार दिल्ली में बैठकर चलाई जाएगी, जिससे राज्य के हितों की अनदेखी होने की आशंका है।
उन्होंने यह भी कहा कि यदि बिहार की नीतियां बाहरी राजनीतिक हितों को ध्यान में रखकर तय की जाएंगी तो इसका असर राज्य के विकास और आम जनता पर पड़ सकता है। किशोर ने दावा किया कि बिहार की जनता अब इन राजनीतिक समीकरणों को समझ रही है और आने वाले समय में इसका जवाब भी देगी।
मीडिया ब्रीफिंग के दौरान उन्होंने यह भी कहा कि बिहार की राजनीति में पारदर्शिता और जवाबदेही जरूरी है। जनता को यह जानने का अधिकार है कि राज्य के महत्वपूर्ण फैसले किस आधार पर लिए जा रहे हैं।
इस बयान के बाद राज्य की राजनीतिक हलचल और तेज होने की संभावना जताई जा रही है। माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में इस मुद्दे को लेकर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच बयानबाजी और तीखी हो सकती है।


