HIGHLIGHTS:
- महा-अभियान: गोराडीह के विशनपुर जिछो पंचायत में अवैध नशे के खिलाफ निकली विशाल जागरूकता रैली।
- जुगलबंदी: राष्ट्रीय मानवाधिकार संगठन और लोदीपुर पुलिस ने साथ मिलकर टोलों में किया जनसंवाद।
- गुप्त सूचना: “नाम रहेगा गुप्त, कार्रवाई होगी सख्त”— मानवाधिकार टीम ने जारी किया हेल्पलाइन नंबर।
- शक्ति प्रदर्शन: लोदीपुर थाना परिसर से शुरू होकर पूरे पंचायत में गूंजा नशे के खिलाफ नारा।
नशे की ‘जंजीर’ तोड़ने सड़क पर उतरी खाकी और समाज: भागलपुर में बड़ा अभियान
भागलपुर: युवाओं की रगों में घुल रहे नशे के जहर को रोकने के लिए भागलपुर में एक बड़ी सामाजिक और प्रशासनिक पहल देखने को मिली है। गोराडीह प्रखंड के विशनपुर जिछो पंचायत में ‘राष्ट्रीय मानवाधिकार एवं आर टी आई जागरूकता संगठन भारत’ ने लोदीपुर पुलिस के साथ मिलकर अवैध नशे के खिलाफ शंखनाद कर दिया है। लोदीपुर थाना परिसर से शुरू हुई इस रैली ने गांव के हर उस कोने तक दस्तक दी, जहाँ नशे के सौदागर अपनी पैठ बनाने की कोशिश कर रहे हैं।
[रैली का ‘रूट मैप’: जन-जन तक पहुँचने की कोशिश]
यह अभियान केवल प्रतीकात्मक नहीं था, बल्कि सघन जनसंवाद का जरिया बना:
- लोदीपुर थाना (आरंभ) ➔ यादव टोला ➔ हरिजन टोला ➔ मुस्लिम टोला ➔ कुशवाहा टोला ➔ वापसी (लोदीपुर थाना)
“एक फोन और नशा मुक्त बिहार”— हेल्पलाइन नंबर जारी
अभियान के दौरान मीडिया प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय सचिव विभूति सिंह ने सीधे तौर पर नशे के कारोबारियों को चेतावनी दी। उन्होंने आम जनता से अपील की कि वे डरें नहीं, बल्कि आगे आकर पुलिस की मदद करें।
- गोपनीयता का वादा: सूचना देने वाले का नाम पूरी तरह गुप्त रखा जाएगा।
- हेल्पलाइन नंबर: संगठन ने विशेष नंबर 9931250649 जारी किया है, जिस पर कोई भी व्यक्ति अवैध सूखे नशे (Drugs) के कारोबार की जानकारी दे सकता है।
मुखिया आशुतोष महलदार ने बताया कि यह अभियान थमने वाला नहीं है। पूर्व में भी ऐसी कोशिशें हुई हैं और भविष्य में भी संगठन व पुलिस के सहयोग से पंचायत को पूरी तरह ‘नशा मुक्त’ बनाया जाएगा।
VOB का नजरिया: पुलिस और पब्लिक का साथ ही बनेगा समाधान!
भागलपुर के ग्रामीण इलाकों में ‘सूखे नशे’ (चिट्टा, गांजा, नशीली दवाएं) का बढ़ता प्रकोप एक गंभीर चिंता का विषय है। लोदीपुर पुलिस और मानवाधिकार संगठन का यह साझा कदम सराहनीय है। हेल्पलाइन नंबर जारी करना और गोपनीयता का भरोसा देना, उन लोगों को हिम्मत देगा जो अपराधियों के डर से चुप रहते हैं। अब जिम्मेदारी लोदीपुर पुलिस की है कि वे इन सूचनाओं पर कितनी त्वरित और प्रभावी कार्रवाई करते हैं।


