HIGHLIGHTS:
- बड़ी सफाई: भागलपुर जिलाधिकारी (DM) ने गैस किल्लत की खबरों को पूरी तरह नकारा।
- भ्रामक खबरें: मध्य एशिया संकट के नाम पर फैलाई जा रही थी पैनिक न्यूज।
- ग्राउंड रिपोर्ट: सदर SDM ने वितरकों के साथ की हाई-लेवल मीटिंग, सप्लाई चेन मिली दुरुस्त।
पैनिक होने की जरूरत नहीं: भागलपुर प्रशासन का ‘पॉवरफुल’ खंडन
भागलपुर: पिछले 10-11 दिनों से भागलपुर के रसोई घरों में जो ‘गैस किल्लत’ का डर फैलाया जा रहा था, उस पर जिला प्रशासन ने आज पूर्ण विराम लगा दिया है। जिलाधिकारी (DM) ने स्पष्ट कर दिया है कि जिले में रसोई गैस (LPG) का पर्याप्त भंडार है। दरअसल, मध्य एशिया और खाड़ी देशों में चल रहे ताजा संकट का बहाना बनाकर कुछ शरारती तत्व जिले में यह अफवाह उड़ा रहे थे कि आने वाले दिनों में सिलेंडर नहीं मिलेंगे। प्रशासन ने साफ कहा है कि यह केवल एक भ्रामक अफवाह है।
SDM की बैठक: वितरकों ने कहा- “स्टॉक फुल है साहब!”
अफवाहों के बाजार को शांत करने के लिए आज ही अनुमंडल पदाधिकारी (SDM), भागलपुर सदर ने जिले के सभी गैस वितरकों के साथ एक आपात बैठक की।
- सप्लाई स्टेटस: सभी वितरकों ने एक स्वर में पुष्टि की है कि न तो स्टॉक की कमी है और न ही कंपनियों से होने वाली आपूर्ति (Supply) में कोई बाधा है।
- निर्देश: वितरकों को आदेश दिया गया है कि वे उपभोक्ताओं को सही जानकारी दें और किसी भी तरह की ‘ब्लैक मार्केटिंग’ या ‘होल्डिंग’ न होने दें।
आम जनता से अपील: अफवाहों के ‘भंवर’ में न फंसें
जिला प्रशासन ने भागलपुर के नागरिकों से अपील की है कि:
- पैनिक बुकिंग न करें: बेवजह सिलेंडर बुक करने या स्टॉक करने से व्यवस्था बिगड़ती है।
- भ्रामक खबरों पर लगाम: सोशल मीडिया पर चल रही बिना सिर-पैर की खबरों को शेयर न करें।
- प्रशासन पर भरोसा रखें: रसोई गैस की आपूर्ति सुचारू रूप से जारी रहेगी।
[VOB इन्फो-ग्राफिक्स: अफवाह बनाम हकीकत]
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अफवाह (Rumor) |
हकीकत (Reality) |
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खाड़ी संकट से गैस खत्म हो जाएगी। |
भारत के पास पर्याप्त डोमेस्टिक रिजर्व और लॉन्ग-टर्म कॉन्ट्रैक्ट्स हैं। |
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भागलपुर में सिलेंडरों की किल्लत है। |
जिला प्रशासन और वितरकों ने स्टॉक को पर्याप्त बताया है। |
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गैस एजेंसियां बुकिंग नहीं ले रही हैं। |
बुकिंग प्रक्रिया सामान्य है, 25 दिन वाले नियम का पालन करें। |
VOB का नजरिया: आपदा का ‘अफवाह’ वाला अवसर!
अक्सर जब भी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कोई संकट आता है, तो स्थानीय स्तर पर कालाबाजारी करने वाले सक्रिय हो जाते हैं। भागलपुर में पिछले कुछ दिनों से जो हुआ, वह कृत्रिम डर पैदा करने की कोशिश थी। प्रशासन का समय पर हस्तक्षेप काबिले तारीफ है। जनता को समझना होगा कि ‘पैनिक’ होकर भीड़ लगाने से केवल बिचौलियों का फायदा होता है। शांति बनाए रखें, आपकी चाय और खाना समय पर बनेगा!


