भागलपुर | 10 मार्च, 2026: भागलपुर के तिलकामांझी थाना क्षेत्र अंतर्गत जवारीपुर में जितेंद्र नामक युवक की मौत ने एक गंभीर पारिवारिक विवाद का रूप ले लिया है। मौत के गम के बीच अब ‘इंसाफ’ की जंग मां और पत्नी के बीच आरोप-प्रत्यारोप की भेंट चढ़ गई है। जहाँ मां अपनी बहू पर बेटे को प्रताड़ित करने का आरोप लगा रही है, वहीं पत्नी का दावा है कि उसके पति की हत्या एक सोची-समझी साजिश का हिस्सा है।
मां की दलील: “पैसे और जमीन के चक्कर में गई बेटे की जान”
मृतक जितेंद्र की मां अनिता देवी ने थाने में आवेदन देकर अपनी बहू और उसके मायके वालों को कटघरे में खड़ा किया है।
- इलाज का बोझ: अनिता देवी के अनुसार, उनकी पोती (जितेंद्र की बेटी) लंबे समय से बीमार थी, जिसके इलाज में पहले ही लाखों रुपये खर्च हो चुके थे।
- ₹2 लाख की मांग: आरोप है कि शनिवार को जब जितेंद्र अपने ससुराल से लौटा, तो वह काफी परेशान था। उसने मां को बताया कि ससुराल वाले उस पर 2 लाख रुपये का इंतजाम करने का दबाव बना रहे हैं।
- बंटवारे का प्रेशर: मां का सबसे गंभीर आरोप यह है कि बहू अक्सर जितेंद्र पर जमीन के बंटवारे के लिए दबाव बनाती थी और धमकी देती थी कि अगर ऐसा नहीं हुआ, तो वह उसे आत्महत्या के लिए मजबूर कर देगी।
पत्नी का पलटवार: “ससुराल वालों ने रची हत्या की साजिश”
दूसरी ओर, जितेंद्र की पत्नी ने इन सभी आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए अपने ही ससुराल वालों पर मोर्चा खोल दिया है।
- साजिश का आरोप: पत्नी ने तिलकामांझी थाने में शिकायत दर्ज कराई है कि उसके सास, ससुर और अन्य परिजनों ने मिलकर जितेंद्र की हत्या की है।
- विवाद की जड़: पत्नी के अनुसार, परिवार के भीतर चल रहे आंतरिक कलह और भेदभाव के कारण उसके पति को जान गंवानी पड़ी।
पुलिस की कार्रवाई: पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार
तिलकामांझी थाना पुलिस ने दोनों पक्षों के आवेदन प्राप्त कर लिए हैं और मामले की तहकीकात शुरू कर दी है।
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- थानेदार का बयान: पुलिस के अनुसार, अभी कुछ भी कहना जल्दबाजी होगी। दोनों तरफ से परस्पर विरोधी दावे किए गए हैं।
- अगला कदम: पुलिस अब पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार कर रही है। रिपोर्ट आने के बाद ही यह स्पष्ट हो पाएगा कि जितेंद्र की मौत स्वाभाविक थी, आत्महत्या थी या फिर उसकी हत्या की गई थी।
VOB का नजरिया: बिखरते रिश्तों की कड़वी हकीकत
जवारीपुर की यह घटना समाज के उस स्याह पहलू को उजागर करती है जहाँ मौत जैसे गमगीन मौके पर भी ‘जमीन’ और ‘पैसे’ के विवाद रिश्तों पर हावी हो जाते हैं। एक ही शख्स की मौत पर मां और पत्नी का एक-दूसरे के खिलाफ थाने जाना यह दर्शाता है कि परिवार के भीतर कड़वाहट किस स्तर तक पहुँच चुकी थी। अब सच केवल मेडिकल रिपोर्ट और गहन जांच से ही सामने आएगा।


