खबर के मुख्य बिंदु:
- दबंगई: मथुरापुर पंचायत के मुखिया मंतोष कुमार महलदार पर जानलेवा हमला।
- विवाद की जड़: भोरंग पोखर में अवैध रूप से मछली मारने से मना करना पड़ा महंगा।
- शर्मनाक वीडियो: मुखिया को कीचड़ में गिराकर बेरहमी से पीटने का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल।
- कानूनी कार्रवाई: शिवनारायणपुर थाने में 5 नामजद और 10 अज्ञात लोगों के खिलाफ शिकायत दर्ज।
भागलपुर: जिले के शिवनारायणपुर थाना क्षेत्र से एक विचलित कर देने वाली घटना सामने आई है, जहाँ कानून के प्रतिनिधि यानी पंचायत के मुखिया को ही दबंगों ने अपना निशाना बना लिया। मथुरापुर पंचायत के मुखिया मंतोष कुमार महलदार को न केवल सार्वजनिक रूप से अपमानित किया गया, बल्कि उन्हें कीचड़ में पटक-पटक कर बेरहमी से पीटा गया। इस पूरी घटना का वीडियो अब इंटरनेट पर आग की तरह फैल रहा है, जिसने इलाके में तनाव और चर्चा का माहौल गरमा दिया है।
पोखर पर टोकना पड़ा ‘भारी’
घटना शिवनारायणपुर थाना क्षेत्र के भोरंग पोखर के पास की है।
- अचानक विवाद: बताया जा रहा है कि पोखर में कुछ लोग मछली मार रहे थे। जब मुखिया मंतोष कुमार वहाँ पहुँचे और उन्हें ऐसा करने से रोका, तो आरोपी भड़क गए।
- कीचड़ में ‘तांडव’: आरोप है कि आरोपियों ने मुखिया को पकड़ लिया और पास के कीचड़ में धकेल दिया। इसके बाद 10-15 लोगों ने मिलकर उन्हें कीचड़ में ही पटक-पटक कर पीटना शुरू कर दिया।
- तमाशबीन बने लोग: हैरानी की बात यह है कि जब मुखिया की पिटाई हो रही थी, तब वहाँ मौजूद लोग उनकी मदद करने के बजाय अपने मोबाइल से वीडियो बनाने में मशगूल थे।
सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल
इस मारपीट का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि कैसे कुछ लोग मर्यादाओं को ताक पर रखकर एक जनप्रतिनिधि के साथ अमानवीय व्यवहार कर रहे हैं। हालांकि, प्रशासन ने अभी तक इस वीडियो की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है, लेकिन पुलिस इसे जांच का मुख्य आधार मान रही है।
त्वरित अवलोकन (Quick Facts)
- पीड़ित: मंतोष कुमार महलदार (मुखिया, मथुरापुर पंचायत)।
- स्थान: भोरंग पोखर, शिवनारायणपुर थाना क्षेत्र, भागलपुर।
- आरोपी: 05 नामजद और 10 अज्ञात व्यक्ति।
- वजह: मछली मारने से मना करना।
- साक्ष्य: सोशल मीडिया पर वायरल मारपीट का वीडियो।
- पुलिस स्टैंड: मामला दर्ज कर आरोपियों की पहचान और गिरफ्तारी के लिए छापेमारी शुरू।
VOB का नजरिया: मुखिया सुरक्षित नहीं, तो जनता का क्या?
जब पंचायत का प्रथम नागरिक यानी मुखिया ही सुरक्षित नहीं है और उन्हें सरेराह कीचड़ में सानकर पीटा जा रहा है, तो आम जनता की सुरक्षा पर बड़े सवाल खड़े होते हैं। भीड़ का इस तरह ‘तमाशबीन’ बनना और वीडियो बनाना समाज की गिरती मानसिकता को दर्शाता है। शिवनारायणपुर पुलिस के लिए यह साख का सवाल है—क्या वे इन दबंगों को सलाखों के पीछे पहुँचाकर पंचायत प्रतिनिधि के सम्मान को बहाल कर पाएंगे?


