इस साल होली और रमजान एक साथ पड़ने के कारण बिहार में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस प्रशासन ने व्यापक इंतजाम किए हैं। बिहार के पुलिस महानिदेशक Vinay Kumar ने बताया कि राज्य में शांति और सौहार्द बनाए रखने के लिए करीब 30 हजार अतिरिक्त सुरक्षा बलों की तैनाती की गई है। होली 3 और 4 मार्च को मनाई जा रही है, जबकि रमजान फरवरी के मध्य से शुरू हो चुका है।
व्यापक सुरक्षा बलों की तैनाती
पटना समेत सभी जिलों में लगभग 30 हजार पुलिसकर्मी, बीएसएपी, रेंज रिजर्व, सीएपीएफ, प्रशिक्षु कांस्टेबल और होमगार्ड्स की प्रतिनियुक्ति की गई है। संवेदनशील और अतिसंवेदनशील इलाकों की पहचान कर वहां अतिरिक्त बल तैनात किए गए हैं। डीजीपी ने कहा कि यह कदम कानून-व्यवस्था बनाए रखने और त्योहारों को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए उठाया गया है।
संवेदनशील क्षेत्रों में फ्लैग मार्च
डीजीपी विनय कुमार के निर्देश पर संवेदनशील इलाकों में फ्लैग मार्च और संयुक्त गश्ती अभियान चलाए जा रहे हैं। जिला स्तर पर पुलिस अधिकारियों को लगातार पेट्रोलिंग करने और स्थिति पर पैनी नजर रखने का आदेश दिया गया है। क्विक रिस्पॉन्स टीम (क्यूआरटी) को अलर्ट मोड पर रखा गया है, ताकि किसी भी आपात स्थिति में तुरंत कार्रवाई की जा सके।
सोशल मीडिया पर कड़ी निगरानी
पुलिस मुख्यालय ने स्पष्ट किया है कि सोशल मीडिया पर विशेष निगरानी रखी जा रही है। भ्रामक, आपत्तिजनक या माहौल बिगाड़ने वाली पोस्ट पर तत्काल कार्रवाई होगी। सभी जिलों के पुलिस अधीक्षकों को असामाजिक तत्वों पर सख्ती बरतने के निर्देश दिए गए हैं। हजारों संदिग्ध तत्वों से पहले ही बॉन्ड भरवाए जा चुके हैं।
डीजीपी की अपील
डीजीपी विनय कुमार ने आम नागरिकों से अपील की है कि होली रंगों और खुशियों का पर्व है, जबकि रमजान इबादत और संयम का महीना है। दोनों त्योहार आपसी सम्मान, सहिष्णुता और भाईचारे का संदेश देते हैं। उन्होंने कहा कि लोग एक-दूसरे की भावनाओं का आदर करें और शांतिपूर्ण तरीके से त्योहार मनाएं।
उन्होंने चेतावनी दी कि पर्व के दौरान कानून-व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन को भरोसा है कि सभी आवश्यक कदमों के साथ राज्य में होली और रमजान सौहार्दपूर्ण माहौल में संपन्न होंगे।
शांति समितियों की बैठकें
थाना और जिला स्तर पर शांति समिति की बैठकें आयोजित की जा रही हैं, ताकि संभावित विवादों को पहले ही सुलझाया जा सके। मुख्य सचिव और डीजीपी की संयुक्त समीक्षा बैठक में सभी जिलों के डीएम और एसपी को विस्तृत दिशा-निर्देश दिए गए हैं।
बिहार पुलिस ने स्पष्ट किया है कि त्योहारों के दौरान कानून तोड़ने वालों के खिलाफ कोई नरमी नहीं बरती जाएगी और राज्य में शांति बनाए रखना सर्वोच्च प्राथमिकता है।


