- कड़ी सजा: शेखपुरा की विशेष पोक्सो अदालत का फैसला; नाबालिग से दुष्कर्म के दोषी ब्रजेश कुमार को ताउम्र कैद और 30 हजार रुपये का जुर्माना।
- घटना: 5 सितंबर 2024 को मेहूस थाना क्षेत्र में हुई थी वारदात; पशु को चारा देने जा रही किशोरी को अगवा कर किया था दुष्कर्म।
- राहत: कोर्ट ने पीड़िता को 2 लाख रुपये का मुआवजा देने का भी दिया आदेश; जिला विधिक सेवा प्राधिकार के जरिए मिलेगी राशि।
द वॉयस ऑफ बिहार (शेखपुरा/कोर्ट)
शेखपुरा (Sheikhpura) में न्याय की जीत हुई है। नाबालिग के साथ दुष्कर्म करने वाले दरिंदे को कोर्ट ने उसकी सही जगह पहुंचा दिया है। सोमवार को विशेष पोक्सो न्यायालय (Special POCSO Court) ने एक अहम फैसला सुनाते हुए दोषी को आजीवन कारावास (Life Imprisonment) की सजा सुनाई है।
कोर्ट का फैसला: उम्रकैद और जुर्माना
विशेष लोक अभियोजक (Special PP) नाइला बेगम (Naila Begum) ने बताया कि यह फैसला विशेष न्यायाधीश कुमार अविनाश (Kumar Avinash) की अदालत ने सुनाया।
- सजा: कोर्ट ने दोषी ब्रजेश कुमार (Brajesh Kumar) को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।
- जुर्माना: दोषी पर 30 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया है।
- दोषसिद्धि: इससे पहले बीते शुक्रवार को अदालत ने गवाहों और सबूतों के आधार पर ब्रजेश कुमार को दोषी करार दिया था।
चारा देने जा रही थी मासूम
यह दिल दहला देने वाली घटना 5 सितंबर 2024 की है। मामला जिले के मेहूस थाना क्षेत्र (Mehus Police Station Area) का है।
- वारदात: नाबालिग पीड़िता अपने घर से बथान पर पशुओं को चारा देने जा रही थी। तभी रास्ते में ब्रजेश कुमार ने उसे अकेला पाकर अगवा कर लिया और उसके साथ दुष्कर्म की घटना को अंजाम दिया।
पीड़िता को 2 लाख मुआवजा
सजा के अलावा कोर्ट ने पीड़िता के पुनर्वास और सहायता के लिए भी मानवीय आदेश दिए हैं।
- मुआवजा: न्यायालय ने सरकार को निर्देश दिया है कि वह पीड़िता को दो लाख रुपये का मुआवजा दे।
- माध्यम: यह राशि जिला विधिक सेवा प्राधिकार (DLSA) के माध्यम से पीड़िता को उपलब्ध कराई जाएगी।
नाबालिगों के खिलाफ अपराध पर कोर्ट की यह सख्ती एक नजीर है।


