बिहार के डिप्टी सीएम विजय कुमार सिन्हा ने पटना शहर में अवैध होर्डिंग और अवैध पार्किंग के खिलाफ कड़ा रुख अपनाते हुए बड़े पैमाने पर कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। अधिकारियों को स्पष्ट आदेश दिया गया है कि शहर में चल रहे अवैध ढांचों और अवैध वसूली के नेटवर्क को 24 घंटे के भीतर हटाया जाए।
संयुक्त अभियान की तैयारी
निर्देश के बाद नगर निगम, ट्रैफिक पुलिस और राजस्व विभाग को मिलकर संयुक्त अभियान चलाने को कहा गया है। प्रशासनिक सूत्रों के मुताबिक, शहर के प्रमुख चौक-चौराहों और व्यस्त इलाकों से अभियान की शुरुआत की जाएगी।
1092 होर्डिंग चिन्हित
सरकारी समीक्षा में पटना शहर में कुल 1092 होर्डिंग चिन्हित किए गए हैं। इनमें 243 होर्डिंग वैध पाए गए, जबकि 849 होर्डिंग अवैध घोषित किए गए हैं। इन्हीं अवैध होर्डिंगों को हटाने के लिए सख्त कार्रवाई का निर्देश दिया गया है।
राजस्व को हो रहा नुकसान
सरकारी आकलन के अनुसार अवैध होर्डिंग और अवैध पार्किंग के कारण सरकार को हर साल करोड़ों रुपये का राजस्व नुकसान हो रहा है। लंबे समय से बिना अनुमति विज्ञापन और पार्किंग वसूली का नेटवर्क सक्रिय था, जिस पर अब शिकंजा कसने की तैयारी है।
पार्किंग माफियाओं पर भी नजर
सिर्फ होर्डिंग ही नहीं, बल्कि सड़कों और सार्वजनिक स्थलों पर चल रही अवैध पार्किंग वसूली के खिलाफ भी कानूनी कार्रवाई के संकेत दिए गए हैं। बिना अनुमति शुल्क वसूलने वालों पर जुर्माना और अन्य दंडात्मक कदम उठाए जा सकते हैं।
व्यापक समीक्षा की बात
सरकार ने संकेत दिए हैं कि पटना में होर्डिंग और पार्किंग व्यवस्था की समग्र समीक्षा की जाएगी और आगे सभी स्वीकृतियां पारदर्शी प्रक्रिया के तहत दी जाएंगी। उपमुख्यमंत्री के निर्देश के बाद प्रशासन अलर्ट मोड में है और जल्द ही जमीनी स्तर पर कार्रवाई तेज होने की संभावना है।



