
बेतिया | जन सुराज के सूत्रधार प्रशांत किशोर सोमवार (9 फरवरी 2026) को अपनी ‘बिहार नवनिर्माण यात्रा’ के दूसरे दिन पश्चिम चंपारण के बेतिया पहुंचे। यहां उन्होंने बिहार की मौजूदा सरकार पर करारा हमला बोला और कहा कि चुनाव के महज 2 महीने बाद ही जनता ठगा हुआ महसूस कर रही है।
1. सरकार पर वार: “वादों का गुब्बारा 2 महीने में फूट गया”
प्रशांत किशोर ने जनता से सीधा संवाद करते हुए कहा कि अभी विधानसभा चुनाव हुए 60 दिन भी ठीक से नहीं बीते हैं और बिहार पुराने ढर्रे पर लौट आया है।
- अपराध और भ्रष्टाचार: पीके ने कहा, “अभी दो महीने पहले ही आपसे लोक-लुभावन वादे कर वोट लिया गया, लेकिन आज देखिए राज्य में अपराध और भ्रष्टाचार चरम पर है।”
- सरकार की नीयत: उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार की प्राथमिकता जनता की समस्याओं का समाधान नहीं, बल्कि केवल सत्ता में बने रहना है। जन सुराज घर-घर जाकर इस सच्चाई को उजागर करेगा।
2. राहुल गांधी के सपोर्ट में उतरे PK
राष्ट्रीय राजनीति पर पूछे गए सवाल पर प्रशांत किशोर ने एक बड़ा बयान दिया। उन्होंने लोकसभा में चल रहे गतिरोध पर राहुल गांधी का पक्ष लिया।
- लोकतंत्र की दुहाई: पीके ने कहा, “राहुल गांधी देश के प्रमुख विपक्षी नेता (Leader of Opposition) हैं। लोकतंत्र में उन्हें अपनी बात रखने का पूरा अधिकार है।”
- स्पीकर पर सवाल: उन्होंने कहा कि अगर स्पीकर उन्हें सदन में बोलने का मौका नहीं देंगे, तो कांग्रेस का विरोध करना स्वाभाविक है। विपक्ष की आवाज को दबाया नहीं जा सकता।
क्या हैं इसके मायने?
राजनीतिक गलियारों में प्रशांत किशोर के इस बयान के कई मायने निकाले जा रहे हैं। अक्सर कांग्रेस की रणनीतियों पर सवाल उठाने वाले पीके का राहुल गांधी के समर्थन में आना राष्ट्रीय राजनीति में किसी नए समीकरण का इशारा हो सकता है।


