
पटना | बिहार में लड़कियों के सिर चढ़कर बोल रहा है कबड्डी का क्रेज। शुक्रवार को पाटलिपुत्र स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स के इंडोर हॉल में द्वितीय बिहार महिला कबड्डी लीग के लिए चयन ट्रायल (Selection Trial) आयोजित किया गया। यहां पूरे बिहार से 450 से ज्यादा लड़कियां अपनी किस्मत आजमाने पहुंचीं।
120 चुनी गईं, 16 फरवरी से ट्रेनिंग
बिहार राज्य खेल प्राधिकरण (BSSA) के महानिदेशक रवींद्रण शंकरण ने बताया कि ट्रायल में कड़ी प्रतिस्पर्धा थी।
- सेलेक्शन: भीड़ में से 120 प्रतिभावान खिलाड़ियों को प्रशिक्षण शिविर (Camp) के लिए शॉर्टलिस्ट किया गया है।
- कैंप: इन चुनी हुई खिलाड़ियों का ट्रेनिंग कैंप 16 फरवरी से शुरू होगा, जहां कुशल कोच उन्हें तराशेंगे।
- टूर्नामेंट: ट्रेनिंग के बाद फाइनल मुकाबले 6 से 12 मार्च तक पाटलिपुत्र इंडोर हॉल में होंगे।
6 टीमें भिड़ेंगी, बराबर बंटेगी ताकत
शंकरण ने बताया कि इस बार लीग में 6 टीमें हिस्सा लेंगी।
- ट्रेनिंग के बाद इन 120 खिलाड़ियों को 6 टीमों में उनकी क्षमता और गुणवत्ता के आधार पर बराबर बांटा जाएगा।
- मकसद: ताकि कोई भी टीम बहुत कमजोर या बहुत मजबूत न हो और मुकाबला टक्कर का हो।
- टीम स्ट्रेंथ: हर टीम में 14 खिलाड़ी और 3 एक्स्ट्रा प्लेयर रहेंगे।
हैदराबाद से आए थे सिलेक्टर
खिलाड़ियों की परख करने के लिए विशेषज्ञों की एक खास टीम मौजूद थी:
- मंगला देसाई (हैदराबाद)
- अमिता सिंह (पटना)
- रमेश कुमार यादव (मद्य निषेध विभाग, पटना)
खेल प्राधिकरण का कहना है कि पिछली बार की सफलता के बाद लड़कियों में इस लीग का क्रेज काफी बढ़ा है, जो बिहार के खेल भविष्य के लिए शुभ संकेत है।


