पूर्णिया | पूर्णिया के मशहूर व्यवसायी सूरज बिहारी के परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। 27 जनवरी को बेटे को गोलियों से छलनी कर दिया गया था, और आज (शुक्रवार, 6 फरवरी) उनके पिता जवाहर यादव की हार्ट अटैक से मौत हो गई। बेटे की चिता की आग अभी ठंडी भी नहीं हुई थी कि अब पिता की अर्थी उठने की तैयारी हो रही है।
ऋषिकेश से लौटे, लेकिन सूनापन नहीं गया
परिजनों ने बताया कि सूरज की मौत के बाद से पिता जवाहर यादव गुमसुम हो गए थे।
- वे हाल ही में बेटे का अस्थि कलश विसर्जन करने ऋषिकेश गए थे।
- वहां से लौटने के बाद भी वे गहरे अवसाद (Depression) में थे।
- शुक्रवार सुबह अचानक उनके सीने में तेज दर्द उठा। अस्पताल ले जाने की कोशिश की गई, लेकिन रास्ते में ही उन्होंने दम तोड़ दिया। अब घर में पिता और पुत्र दोनों का श्राद्धकर्म एक साथ होने की नौबत आ गई है।
कौन थे सूरज बिहारी? (15 करोड़ का एम्पायर)
सूरज बिहारी सिर्फ एक नाम नहीं, पूर्णिया के बिजनेस वर्ल्ड का एक ब्रांड बन चुके थे।
- छोटी उम्र, बड़ी उड़ान: महज 20 साल की उम्र में उन्होंने पिता का कारोबार संभाला था।
- संपत्ति: शहर में उनके 18 बड़े मक्का गोदाम, बिल्डिंग मटेरियल और रियल एस्टेट का काम था।
- कमाई: उनकी मासिक आमदनी करीब 60 लाख रुपये और सालाना टर्नओवर 15 करोड़ रुपये था।
इंस्टाग्राम पोस्ट पर हुआ था विवाद, अब कुर्की की तैयारी
सूरज की हत्या 27 जनवरी को एक मामूली ‘इंस्टाग्राम पोस्ट’ के विवाद में कर दी गई थी।
- एक्शन: पुलिस ने हत्या में इस्तेमाल 3 बाइक जब्त की हैं और विशाल कुमार नाम के एक आरोपी को हथियार के साथ गिरफ्तार किया है।
- फरार आरोपी: नामजद आरोपी ब्रजेश सिंह, राज सिंह उर्फ नंदू, स्नेहिल झा, आदित्य ठाकुर, अमन सिंह, रजनीश सिंह और एयशु सिंह अभी भी फरार हैं।
- कुर्की: पुलिस ने कोर्ट से कुर्की-जब्ती का आदेश ले लिया है। अब जल्द ही आरोपियों के घरों की कुर्की होगी।
इस दोहरी त्रासदी से पूरे पूर्णिया में शोक की लहर है। लोग कह रहे हैं कि भगवान ऐसा दिन किसी दुश्मन को भी न दिखाए।


