बिहार विधानसभा के तीसरे दिन सदन में राज्यपाल के अभिभाषण पर चर्चा शुरू हुई। नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव जब अभिभाषण पर बोलने के लिए खड़े हुए तो भाषण पढ़ने के दौरान कई बार अटक गए। पेपर पर लिखे हुए भाषण को पढ़ने में उन्हें दिक्कत हो रही थी, जिसे देखकर सदन में मौजूद सत्ताधारी दल के विधायकों ने ठहाके लगाने शुरू कर दिए।
स्पीकर ने तेजस्वी यादव को बोलने के लिए 25 मिनट का समय दिया था। उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि राज्यपाल का भाषण सरकार के अधिकारियों द्वारा तैयार किया जाता है और इसमें कोई नई बात नहीं होती। इसी दौरान पढ़ते वक्त वह कई जगह अटकने लगे और कुछ शब्द सही ढंग से नहीं पढ़ पाए।
नाखून में चोट का दिया हवाला
लगातार हो रही दिक्कत के बीच तेजस्वी यादव ने स्पीकर से बैठकर बोलने की अनुमति मांगी। उन्होंने कहा, “अध्यक्ष महोदय, अगर इजाजत हो तो मैं बैठकर भाषण पढ़ लूं। मेरा नाखून कबड़ गया है, बहुत दर्द हो रहा है और दवा खाकर आया हूं।” इसके बाद स्पीकर ने उन्हें बैठकर अपनी बात रखने की अनुमति दे दी।
शिक्षा को लेकर पहले भी उठते रहे हैं सवाल
तेजस्वी यादव की शिक्षा को लेकर सत्ताधारी दल के नेता पहले भी सवाल उठाते रहे हैं। कई मौकों पर उनके शैक्षणिक योग्यता को लेकर राजनीतिक बयानबाजी होती रही है, जिसे लेकर विधानसभा के अंदर और बाहर सियासत भी गर्माती रही है।


