कर्नाटक के मैसूर जिले के हुनासुर कस्बे में 28 दिसंबर 2025 को हुई करीब 10 करोड़ रुपये की ज्वेलरी लूट के मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। इस हाई-प्रोफाइल लूटकांड में शामिल मुख्य आरोपी ऋषिकेश कुमार उर्फ छोटू सिंह को कर्नाटक पुलिस की स्पेशल टीम ने बिहार के दरभंगा जिले के हायाघाट थाना क्षेत्र से गिरफ्तार कर लिया है। यह गिरफ्तारी पूरी तरह फिल्मी अंदाज में की गई।
पांच मिनट में अंजाम दी गई थी बड़ी लूट
लूट की वारदात 28 दिसंबर को दोपहर करीब 2:04 बजे हुई थी। दो बाइकों पर सवार अपराधी हुनासुर स्थित स्काई गोल्ड ज्वेलरी शोरूम में दाखिल हुए और महज पांच मिनट के भीतर 8 किलो 34 ग्राम सोने व हीरे के आभूषण लूटकर फरार हो गए। लूटे गए आभूषणों की अनुमानित कीमत करीब 10 करोड़ रुपये बताई गई। घटना के बाद शोरूम मालिक ने हुनासुर थाना में प्राथमिकी दर्ज कराई थी।
पांच स्पेशल टीमों ने संभाली जांच
मामले की गंभीरता को देखते हुए मैसूर पुलिस ने डिप्टी एसपी के नेतृत्व में पांच इंस्पेक्टरों की पांच विशेष टीमें गठित कीं। सीसीटीवी फुटेज के आधार पर लुटेरों की पहचान की गई। जांच के दौरान भागलपुर जिले के नवगछिया थाना क्षेत्र निवासी पंकज सिंह उर्फ सतुआ का नाम सामने आया, जिसे कर्नाटक एसटीएफ, पटना एसटीएफ और भागलपुर एसटीएफ की संयुक्त टीम ने पहले ही गिरफ्तार कर लिया था। पूछताछ के दौरान पंकज ने ऋषिकेश कुमार उर्फ छोटू सिंह की भूमिका उजागर की।
एक सप्ताह तक सिविल ड्रेस में रैकी
मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी के लिए कर्नाटक पुलिस की स्पेशल टीम ने करीब एक सप्ताह तक हायाघाट इलाके में सिविल ड्रेस में रैकी की। पुलिसकर्मी आम नागरिक बनकर कभी बैंक, कभी खेतों, कभी आम के बगीचों में और कभी मछली बेचने या ताश खेलने वालों के बीच नजर आए। इस दौरान किसी को पुलिस की मौजूदगी का शक तक नहीं हुआ।
ताश खेलते वक्त दबोचा गया आरोपी
सटीक लोकेशन और गतिविधियों की पुष्टि के बाद 12 पुरुष और एक महिला पुलिसकर्मी की टीम ने योजनाबद्ध तरीके से कार्रवाई की। आरोपी छोटू सिंह को उस समय गिरफ्तार किया गया, जब वह दोस्तों के साथ ताश खेल रहा था। पुलिस के अनुसार, गिरफ्तारी पूरी तरह सतर्कता और रणनीति के तहत की गई।
आपराधिक इतिहास खंगाल रही पुलिस
पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक, ऋषिकेश कुमार उर्फ छोटू सिंह पर पहले से हत्या, लूट, डकैती और आर्म्स एक्ट समेत कई आपराधिक मामले दर्ज हैं। वह दिल्ली में ऑटो चलाकर जीवनयापन करता था और इंटरस्टेट क्राइम नेटवर्क से जुड़े होने की भी आशंका है। पुलिस इस नेटवर्क के अन्य सदस्यों की तलाश में जुटी है।
पत्नी ने बताया निर्दोष
गिरफ्तारी के बाद आरोपी की पत्नी ने पुलिस कार्रवाई पर सवाल उठाए हैं। उसने अपने पति को निर्दोष बताते हुए कहा कि छोटू सिंह दिल्ली में ऑटो चलाकर परिवार का पालन-पोषण करता था। दोनों ने करीब आठ वर्ष पहले कोर्ट मैरिज की थी।
आगे की जांच जारी
हायाघाट थाना प्रभारी रविंद्र कुमार ने बताया कि दोनों आरोपियों से लूटे गए सोने और हीरे की बरामदगी को लेकर गहन पूछताछ की जा रही है। पुलिस को उम्मीद है कि पूछताछ के दौरान मास्टरमाइंड समेत अन्य अपराधियों तक पहुंचा जा सकेगा।
यह मामला अंतरराज्यीय अपराध के खिलाफ पुलिस की सतर्कता और समन्वित कार्रवाई का बड़ा उदाहरण माना जा रहा है।


