राजकोट। टीम इंडिया जब भी मुश्किल में नजर आती है, केएल राहुल अक्सर संकटमोचक की भूमिका निभाते हैं। राजकोट में खेले गए दूसरे वनडे में भी कुछ ऐसा ही देखने को मिला, जब लगातार गिरते विकेटों के बीच राहुल ने जिम्मेदारी संभाली और शानदार शतक जड़ते हुए भारतीय पारी को मजबूती दी।
राहुल को इस मुकाबले में अपनी पसंदीदा बल्लेबाजी पोजीशन नंबर-5 पर उतरने का मौका मिला। दबाव के हालात में उन्होंने संयम और आक्रामकता का बेहतरीन संतुलन दिखाया और अपने वनडे करियर का 8वां शतक जमाया।
शुरुआती झटकों से डगमगाई पारी
टीम इंडिया की शुरुआत अच्छी रही। रोहित शर्मा और शुभमन गिल ने पहले विकेट के लिए 70 रन जोड़े। हालांकि इसके बाद विकेटों की झड़ी लग गई।
- शुभमन गिल 56 रन बनाकर आउट हुए
- विराट कोहली 23 रन पर क्लीन बोल्ड हो गए
- श्रेयस अय्यर सिर्फ 8 रन बनाकर पवेलियन लौटे
118 रन पर 4 विकेट गिरने के बाद भारतीय पारी दबाव में आ गई।
राहुल-जडेजा और राहुल-नीतीश की अहम साझेदारियां
ऐसे नाजुक मौके पर केएल राहुल ने पारी संभाली। उन्होंने
- रविंद्र जडेजा के साथ पांचवें विकेट के लिए 73 रन की साझेदारी की
- इसके बाद नीतीश कुमार रेड्डी के साथ छठे विकेट के लिए अर्धशतकीय साझेदारी निभाई
राहुल एक छोर पर डटे रहे और टीम को सम्मानजनक स्कोर तक पहुंचाया।
सिक्स के साथ पूरा किया शतक
केएल राहुल ने 92 गेंदों में नाबाद 112 रन की शानदार पारी खेली। इस दौरान उनके बल्ले से 11 चौके और 1 छक्का निकला। उन्होंने छक्के के साथ अपना शतक पूरा किया, जो उनकी पारी का खास आकर्षण रहा।
राहुल की इस बेहतरीन बल्लेबाजी के दम पर भारत ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 284 रन का मजबूत स्कोर खड़ा किया।
रोहित और कोहली नहीं चला पाए बड़ा स्कोर
हालांकि राजकोट में दर्शकों को रोहित शर्मा और विराट कोहली से बड़ी पारी की उम्मीद थी, लेकिन दोनों फ्लॉप रहे।
- रोहित शर्मा 38 गेंदों में 24 रन
- विराट कोहली 29 गेंदों में 23 रन बनाकर आउट हुए
निष्कर्ष
एक बार फिर केएल राहुल ने साबित कर दिया कि दबाव की परिस्थितियों में वह टीम इंडिया के सबसे भरोसेमंद बल्लेबाजों में से एक हैं। उनकी संयमित और जिम्मेदार पारी ने भारत को मुकाबले में मजबूती से खड़ा कर दिया।


