आज 15 दिसंबर 2025, सोमवार को पौष कृष्ण पक्ष की एकादशी तिथि है, जो रात 9 बजकर 21 मिनट तक रहेगी। इसके बाद द्वादशी तिथि का प्रारंभ होगा। आज का दिन धार्मिक दृष्टि से विशेष महत्व रखता है, क्योंकि आज सफला एकादशी व्रत किया जा रहा है। इसके साथ ही विक्रमी पौष संक्रांति का संयोग भी बन रहा है।
आज का पंचांग विवरण
- विक्रम संवत: 2082
- पौष प्रविष्टे: 1
- शक संवत: 1947
- हिजरी संवत: 1447 (जमादि उल्सानी, तारीख 24)
- सूर्योदय: प्रातः 7:23 बजे
- सूर्यास्त: सायं 5:23 बजे
(समय – जालंधर अनुसार)
नक्षत्र और योग
- नक्षत्र: चित्रा (पूर्वाह्न 11:09 बजे तक), इसके बाद स्वाति
- योग: शोभन (दोपहर 12:30 बजे तक), इसके बाद अतिगंड योग
- चंद्रमा: तुला राशि में (दिन-रात)
दिशा शूल और राहुकाल
- दिशा शूल: पूर्व एवं ईशान दिशा
- राहुकाल: प्रातः 7:30 बजे से 9:00 बजे तक
(इस समय शुभ कार्य करने से बचना चाहिए)
पर्व, व्रत और विशेष योग
- सफला एकादशी व्रत
- विक्रमी पौष संक्रांति
- सूर्य 15-16 दिसंबर की मध्य रात्रि 4:19 बजे (जालंधर समय) पर धनु राशि में प्रवेश करेगा
आज ग्रहों की स्थिति (सूर्योदय कालीन)
- सूर्य: वृश्चिक राशि
- चंद्रमा: तुला राशि
- मंगल: धनु राशि
- बुध: वृश्चिक राशि
- गुरु (बृहस्पति): मिथुन राशि
- शुक्र: वृश्चिक राशि
- शनि: मीन राशि
- राहु: कुंभ राशि
- केतु: सिंह राशि
धार्मिक महत्व
धार्मिक मान्यता के अनुसार सफला एकादशी का व्रत रखने से भगवान विष्णु की विशेष कृपा प्राप्त होती है। यह व्रत जीवन में सुख-समृद्धि, सफलता और मानसिक शांति प्रदान करने वाला माना गया है।


