📍 पटना
बिहार के खिलाड़ियों ने एक बार फिर खेल जगत में राज्य का परचम बुलंद किया है। कोलकाता में आयोजित स्पेशल ओलंपिक्स भारत – नेशनल फुटबॉल चैंपियनशिप 2025 में बिहार की टीम ने शानदार खेल कौशल का प्रदर्शन करते हुए रजत पदक अपने नाम किया। प्रतियोगिता 17 से 21 नवंबर तक साई स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स, साल्ट लेक सिटी, कोलकाता में आयोजित हुई।
🔹 20 राज्यों के बीच कड़ा मुकाबला — बिहार की टीम रही चमकदार
बिहार राज्य खेल प्राधिकरण के महानिदेशक सह मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्री रवीन्द्रण शंकरण ने जानकारी देते हुए बताया कि
बिहार के खिलाड़ियों ने टीम स्पिरिट, अनुशासन और बेहतरीन तालमेल दिखाते हुए अत्यंत चुनौतीपूर्ण मुकाबलों में रजत पदक हासिल किया, जो पूरे राज्य के लिए गौरव का विषय है।
उन्होंने कहा —
“यह उपलब्धि बिहार के हर खिलाड़ी और खेल प्रेमी के लिए प्रेरणादायक है। यह जीत आने वाले खिलाड़ियों के उत्साह और आत्मविश्वास को और ज्यादा बढ़ाएगी।”
🔹 10 सदस्यीय टीम ने किया बिहार का प्रतिनिधित्व
स्पर्धा में कुल 20 राज्यों के 300 से अधिक खिलाड़ियों ने भाग लिया। बिहार से 3 प्रशिक्षकों और 7 खिलाड़ियों सहित 10 सदस्यीय दल प्रतियोगिता में शामिल हुआ।
📌 टीम के कोचिंग स्टाफ
- अजीत कुमार
- गौरव कुमार
- कुंदन कुमार पांडे
📌 खिलाड़ी
- धीरज कुमार (कैप्टन)
- संतु कुमार
- शेखर कुमार
- सौम्या
- मयंक कुमार
- भास्कर तेजस्वी
- तेजस किशोर
टीम के सदस्यों ने सभी मैचों में जबरदस्त तालमेल और दृढ़ संकल्प दिखाया और फाइनल तक का सफर तय किया।
🔹 वर्ल्ड समर गेम्स 2027 के लिए अहम क्वालिफायर
यह चैंपियनशिप साउथ अमेरिका के चिली में 2027 में होने वाले वर्ल्ड समर गेम्स के लिए एक महत्वपूर्ण क्वालिफायर प्रतियोगिता है। बिहार की टीम का प्रदर्शन चयन प्रक्रिया में अत्यंत महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा, जिससे खिलाड़ियों के चयन की संभावनाएँ और मजबूत हुई हैं।
🔹 बिहार के लिए गर्व की बात — संदीप कुमार चयन समिति के सदस्य
इस प्रतियोगिता से जुड़ी एक और गौरवपूर्ण उपलब्धि यह है कि
स्पेशल ओलंपिक्स भारत के सचिव संदीप कुमार, जो वर्ल्ड समर गेम्स 2027 फुटबॉल चयन समिति के सदस्य भी हैं, बिहार के ही निवासी हैं।
उनकी भूमिका प्रतियोगिता और चयन प्रक्रिया में बेहद अहम रही।
🔹 स्पेशल ओलंपिक्स भारत — मानसिक रूप से कमजोर खिलाड़ियों के सशक्तिकरण की पहल
स्पेशल ओलंपिक्स भारत को
📌 भारत सरकार के युवा मामले एवं खेल मंत्रालय
📌 और स्पेशल ओलंपिक्स इंक.
से आधिकारिक मान्यता प्राप्त है।
यह संगठन दिमागी तौर पर कमजोर व्यक्तियों को खेलों के माध्यम से शारीरिक, मानसिक और सामाजिक रूप से सक्षम बनाना अपना मुख्य उद्देश्य मानता है।
बिहार की जीत — राज्य की खेल संस्कृति की नई पहचान
बिहार के इस प्रदर्शन ने न केवल राज्य का नाम रौशन किया है, बल्कि खेल के क्षेत्र में
समर्पण, संरचित प्रशिक्षण, कोचिंग और प्रतिभा विकास की मजबूत दिशा भी दर्शाई है।
राज्य के खिलाड़ियों की इस उपलब्धि पर पूरे बिहार में खुशी की लहर है।


