बिहार चुनाव: दूसरे चरण के मतदान से पहले सुरक्षा एजेंसियां हाई अलर्ट, DGP ने खुद संभाली कमान

पटना। बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के दूसरे चरण के मतदान से पहले राज्य की सुरक्षा एजेंसियां हाई अलर्ट पर हैं। डीजीपी विनय कुमार ने रविवार को बताया कि 11 नवंबर को होने वाले मतदान को लेकर सुरक्षा के सभी इंतज़ाम पूरी तरह तैयार हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस बार पहले चरण की तुलना में सुरक्षा व्यवस्था और भी सख़्त रहेगी।

122 सीटों पर मतदान, सीमावर्ती जिलों में कड़ी सुरक्षा

दूसरे चरण में 20 जिलों की 122 विधानसभा सीटों पर वोट डाले जाने हैं।
इनमें से कई जिले अंतरराष्ट्रीय और अंतरराज्यीय सीमाओं से लगे हैं, जिसके कारण सुरक्षा एजेंसियां अतिरिक्त सतर्कता बरत रही हैं।

  • भारत–नेपाल सीमा से सटे 7 जिलों में विशेष सुरक्षा
  • झारखंड, उत्तर प्रदेश और पश्चिम बंगाल की सीमाओं पर निगरानी बढ़ाई गई
  • सीमाओं पर फोर्स की संख्या दोगुनी

डीजीपी ने बताया कि अंतरराष्ट्रीय सीमाएँ पूरी तरह सील कर दी गई हैं, जबकि अंतरराज्यीय सीमाएँ रविवार शाम तक बंद कर दी जाएँगी ताकि बाहरी तत्वों की आवाजाही को रोका जा सके।

1,650 कंपनियाँ तैनात, संवेदनशील बूथों पर कड़ी निगरानी

शांतिपूर्ण मतदान सुनिश्चित करने के लिए राज्य और केंद्र सरकार की ओर से बड़े पैमाने पर बलों की तैनाती की गई है।

  • 1,650 कंपनियाँ केंद्रीय सुरक्षा बल
  • राज्य पुलिस की अतिरिक्त टुकड़ियाँ
  • प्रत्येक जिले में विशेष सुरक्षा दल
  • संवेदनशील और अति-संवेदनशील बूथों पर विशेष निगरानी

डीजीपी ने सभी जिलों के एसपी को निर्देश दिया है कि किसी भी तरह की गड़बड़ी, भय का माहौल या अव्यवस्था बिल्कुल बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

ड्रोन, सीसीटीवी और QRT की तैनाती — तकनीक से सख्त निगरानी

मतदान प्रक्रिया पर रीयल-टाइम निगरानी के लिए तकनीक का व्यापक उपयोग किया जा रहा है।

  • ड्रोन कैमरे
  • सीसीटीवी कैमरे
  • क्विक रिस्पॉन्स टीम (QRT)
  • मोबाइल गश्त
  • स्टेटिक फोर्स

किसी भी आपात स्थिति में QRT तुरंत कार्रवाई करेगी।

डीजीपी की जनता से अपील: “निर्भय होकर मतदान करें”

डीजीपी विनय कुमार ने मतदाताओं से अपील की:

“चुनाव लोकतंत्र का पर्व है। हर मतदाता को सुरक्षित और निष्पक्ष माहौल देना राज्य पुलिस की जिम्मेदारी है। निर्भय होकर मतदान करें।”

उन्होंने कहा कि मतदान केंद्रों पर किसी भी प्रकार के डर, दबाव या अव्यवस्था को रोकने के लिए पुलिस लगातार निगरानी करेगी।

पहला चरण शांतिपूर्ण, अब दूसरे चरण पर टिकी निगाहें

पहले चरण का मतदान पूरी तरह शांतिपूर्ण रहा था।
अब दूसरे चरण में कई संवेदनशील क्षेत्रों में वोटिंग होनी है, जिसके कारण यह चरण प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियों के लिए बेहद महत्वपूर्ण है।

सुरक्षा बलों की तैनाती, तकनीकी निगरानी और सख्त बॉर्डर नियंत्रण के साथ पुलिस प्रशासन पूरी तरह तैयार है कि 11 नवंबर को मतदान शांतिपूर्ण और निष्पक्ष तरीके से संपन्न हो।

  • ये भी पढ़े..

    भरत तिवारी एनकाउंटर केस: जांच आयोग के सामने फूट पड़ा मां का दर्द, STF को देखकर बोलीं- “मेरे बेटे के हत्यारों को फांसी हो”

    Share Add as a preferred…

    बिहार में AI क्रांति की तैयारी! गूगल, माइक्रोसॉफ्ट समेत 4 बड़ी कंपनियों के साथ होगा समझौता, कैबिनेट से मिली मंजूरी

    Share Add as a preferred…