
पटना: बिहार विधानसभा चुनाव प्रचार के दौरान समाजवादी पार्टी (SP) के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने बुधवार को एनडीए पर बड़ा हमला बोला। उन्होंने कहा कि बिहार में महागठबंधन की सभाओं में उमड़ती भीड़ इस बात का संकेत है कि राज्य बदलाव के लिए तैयार है।
अखिलेश ने कहा कि बिहार तभी बदलेगा, जब सरकार बदलेगी और महागठबंधन सत्ता में आएगा।
“31 साल का कुशासन गिनाया”
अखिलेश यादव ने आरोप लगाया कि एनडीए अपने 20 साल के बिहार शासन का हवाला देकर वोट मांग रहा है। उन्होंने कहा कि यदि केंद्र में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 11 साल के कार्यकाल को जोड़ दिया जाए, तो यह 31 साल का “कुशासन” बनता है।
“तेजस्वी रोजगार की बात करते हैं और एनडीए नेता मजाक उड़ाते हैं। NDA पहले अपने 11 वर्षों में युवाओं को दिए गए रोजगार का आंकड़ा बताए।”
— अखिलेश यादव
“इलेक्ट्रॉल बांड के नाम पर चंदा वसूली”
सपा प्रमुख ने भाजपा पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाते हुए कहा कि पार्टी ने इलेक्ट्रॉल बांड के नाम पर भारी चंदा वसूला है।
“यह वही सरकार है जिसने नोटबंदी कर नकदी को बंडलों में बदल दिया था। यह ‘बंडल बनाने वाली बंडलबाज सरकार’ है।”
अखिलेश ने मीडिया को लेकर भी टिप्पणी की और कहा कि पत्रकारों का दोष नहीं है, उन्हें मालिकों के अनुसार खबरें परोसनी पड़ती हैं।
तेजस्वी यादव की तारीफ
अखिलेश यादव ने राजद नेता तेजस्वी यादव की सराहना करते हुए कहा कि उपमुख्यमंत्री रहते हुए सीमित अधिकारों में भी तेजस्वी ने नौकरियां दीं और सरकार बनने पर हर बेरोजगार को नौकरी देने का वादा किया है।
योगी सरकार पर वार
उत्तर प्रदेश की योगी सरकार पर तंज कसते हुए अखिलेश ने कहा:
“उत्तर प्रदेश में आजकल एक ही रंग में दिखने वाले मुख्यमंत्री हैं, जिन्होंने विद्यार्थियों को लैपटॉप योजना बंद कर दी।”
उन्होंने कहा कि बिहार में भाजपा की हार, उत्तर प्रदेश में आने वाले चुनावों की दिशा तय करेगी।
अखिलेश यादव के बयान ने बिहार चुनावी माहौल में और गरमाहट ला दी है। महागठबंधन और एनडीए के बीच चुनावी जंग हर दिन तीखी होती जा रही है।


