नवमी तिथि, श्राद्ध पक्ष की खास महत्ता, जानें शुभ-अशुभ समय
भागलपुर, 15 सितंबर 2025 — आज भाद्रपद मास के कृष्ण पक्ष की नवमी तिथि है। पंचांग के अनुसार आज का दिन धार्मिक दृष्टि से विशेष महत्व रखता है। श्राद्ध पक्ष के चलते आज नवमी श्राद्ध मनाया जाएगा। पितरों की कृपा प्राप्त करने के लिए लोग तर्पण और पिंडदान जैसे कर्मकांड करेंगे। आइए जानते हैं आज के दिन का पूरा पंचांग, शुभ मुहूर्त और राहुकाल।
आज का पंचांग (15 सितंबर 2025)
- तिथि : कृष्ण पक्ष नवमी, रात 01:31 बजे तक, उसके बाद दशमी
- नक्षत्र : मृगशिरा प्रातः 07:30 बजे तक, उसके बाद आर्द्रा नक्षत्र
- योग : व्यतीपात योग, रात 02:34 बजे तक
- करण : तैतिला, उसके बाद गरज करण
- पक्ष : कृष्ण पक्ष
- माह : भाद्रपद मास
सूर्योदय और सूर्यास्त का समय
- सूर्योदय : सुबह 06:06 बजे
- सूर्यास्त : शाम 06:26 बजे
आज का राहुकाल
- राहुकाल का समय : दोपहर 01:30 बजे से 03:00 बजे तक
इस समय किसी भी शुभ कार्य की शुरुआत वर्जित मानी जाती है।
श्राद्ध पक्ष में नवमी तिथि का महत्व
पितृपक्ष की नवमी तिथि को नवमी श्राद्ध के नाम से जाना जाता है। आज के दिन विशेष रूप से जिन परिवारों में माता का निधन हुआ हो, वे पितरों की शांति और मोक्ष के लिए श्राद्ध कर्म करते हैं।
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, श्राद्ध पक्ष में विधिपूर्वक तर्पण और पिंडदान करने से पितर प्रसन्न होते हैं और परिवार पर आशीर्वाद बनाए रखते हैं।
विशेष सुझाव
- पितृपक्ष में किसी भी प्रकार का दान, भोजन या जल अर्पण करना पुण्यकारी माना जाता है।
- आज नवमी होने के कारण व्रत-पूजन में भी विशेष फल प्राप्त होता है।
- घर के बड़े-बुजुर्गों के आशीर्वाद लेने से दिन शुभ माना जाएगा।
कुल मिलाकर, 15 सितंबर 2025 का दिन श्राद्ध, तर्पण और पितृ कार्यों के लिए विशेष है। साथ ही, शुभ कार्यों के लिए राहुकाल और अशुभ समय से बचकर आगे बढ़ना चाहिए।


