औरंगाबाद। जन सुराज अभियान के सूत्रधार प्रशांत किशोर ने गुरुवार को औरंगाबाद जिले के कुटुंबा प्रखंड के बभंडीह खेल मैदान में ‘बिहार बदलाव जनसभा’ को संबोधित किया। जनसभा के बाद पत्रकारों से बातचीत में उन्होंने नीतीश सरकार के मंत्रियों पर हो रहे हमलों को लेकर बड़ा बयान दिया।
प्रशांत किशोर ने कहा कि इन हमलों के पीछे जन सुराज की कोई भूमिका नहीं है, बल्कि यह जनता का आक्रोश है। उन्होंने कहा –“आप पांच साल जनता को लूटोगे, खून चूसोगे, बच्चों पर लाठी चलवाओगे, तो जनता आक्रोश में पत्थर फेंकेगी ही। यह नेताओं का अपना कुकर्म है, इसका जन सुराज से कोई लेना-देना नहीं।”
चुनाव आते ही जनता करेगी हिसाब
पीके ने दोहराया कि जनता हर उस नेता को जवाब देगी, जिसने बिहार को लूटा और युवाओं को अपमानित किया। उन्होंने कहा–“जब ये नेता वोट मांगने गांव-गांव जाएंगे, तो जनता इन्हें दौड़ाकर मारेगी, जैसे पटना की सड़कों पर बच्चों को दौड़ाया गया था।”
मोदी-राहुल की लड़ाई से दूरी
कांग्रेस नेता राहुल गांधी द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को अपशब्द कहे जाने और उसके जवाब में पीएम मोदी द्वारा पलटवार पर पीके ने कहा –“हम मोदी-राहुल की लड़ाई में नहीं पड़ना चाहते। सवाल यह है कि बिहार के बच्चों को जो गाली दी गई और लाठियां चलाई गईं, उसका इंसाफ कब होगा?”
बाहरी नेताओं पर सीधा हमला
तमिलनाडु के सीएम एम.के. स्टालिन और तेलंगाना के सीएम रेवंत रेड्डी के बिहार दौरे पर भी पीके ने कड़ी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा –“जिन राज्यों में बिहार के बच्चों को मारा-पीटा गया और गाली दी गई, वहीं के नेता अब बिहार आकर वोट मांग रहे हैं। बिहार के युवाओं को ऐसे नेताओं का बहिष्कार करना चाहिए।”
युवाओं के नाम संदेश
प्रशांत किशोर ने कहा कि जन सुराज का मकसद बिहार के युवाओं और बच्चों की लड़ाई लड़ना है। उन्होंने युवाओं से अपील की कि वे जाति-धर्म की राजनीति से ऊपर उठकर विकास और सम्मान की लड़ाई में साथ आएं।


