पटना, 13 अगस्त।ग्राम पंचायतों में संचालित आरटीपीएस (राइट टू पब्लिक सर्विसेज) केंद्रों पर सेवाओं के विस्तार के बाद से लोक सेवाओं के अधिकार का लाभ लेने वाले आवेदनों की संख्या में उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई है।
1 अक्टूबर 2024 से 11 मई 2025 तक इन केंद्रों पर कुल 10,93,871 आवेदन प्राप्त हुए थे, जो 11 अगस्त तक बढ़कर 16,02,810 हो गए। यानी केवल तीन महीनों में 5,08,939 नए आवेदन आए। औसतन, अब प्रतिमाह 1.5 लाख से अधिक आवेदन ग्राम पंचायत आरटीपीएस केंद्रों पर दर्ज हो रहे हैं।
इन केंद्रों पर न केवल आवेदन प्राप्ति, बल्कि निष्पादन की गति भी तेज है। 11 अगस्त 2025 तक प्राप्त आवेदनों में से 15,73,087 का निष्पादन किया जा चुका है। त्वरित निष्पादन के लिए विभाग द्वारा क्षेत्रीय पदाधिकारियों को लगातार निर्देश दिए जा रहे हैं, साथ ही केंद्रों की कार्यशीलता सुनिश्चित करने हेतु नियमित समीक्षा और स्थल निरीक्षण भी किया जा रहा है।
पहले इन केंद्रों पर 20 लोक सेवाएं (जैसे—आय, जाति और आवासीय प्रमाण पत्र) उपलब्ध थीं, लेकिन अब इन पर 65 विभिन्न विभागीय लोक सेवाओं के लिए आवेदन किया जा सकता है।
जिला-वार निष्पादन स्थिति:
- सिवान – कुल 1,72,196 आवेदन, निष्पादन 1,69,294 (शीर्ष स्थान)
- मधुबनी – कुल 1,64,954 आवेदन, निष्पादन 1,62,551 (दूसरा स्थान)
- समस्तीपुर – कुल 74,788 आवेदन, निष्पादन 72,996 (तीसरा स्थान)
राज्य सरकार का लक्ष्य है कि ग्राम पंचायत स्तर पर लोक सेवाओं की अधिकतम उपलब्धता सुनिश्चित कर लोगों को उनके अधिकार समय पर मिले और उन्हें जिला या प्रखंड मुख्यालयों तक जाने की आवश्यकता न पड़े।


